नई दिल्ली। सोने और चांदी की कीमतों में गिरावट के बाद अचानक जोरदार तेजी देखने को मिली है। गुरुवार शाम कुछ ही घंटों में सोने का भाव करीब 3,000 रुपये और चांदी का भाव करीब 6,200 रुपये तक बढ़ गया। खबर लिखे जाने तक सोना 1,53,444 रुपये प्रति 10 ग्राम और चांदी 2,38,678 रुपये प्रति किलोग्राम पर पहुंच गई थी।
अंतरराष्ट्रीय बाजार में फेडरल रिजर्व के ब्याज दर संबंधी फैसले के बाद शुरुआत में सोने पर दबाव दिखा, लेकिन बाद में कीमतों में तेजी से रिकवरी हुई। डॉलर इंडेक्स में कमजोरी, वैश्विक ब्याज दरों की दिशा, कच्चे तेल की कीमतों और भू-राजनीतिक तनाव को कीमती धातुओं में तेजी के प्रमुख कारणों में गिना जा रहा है।
दिवाली तक कहां पहुंच सकता है सोना?
जागरण बिजनेस से बातचीत में केडिया एडवाइजरी के निदेशक अजय केडिया ने दिवाली तक सोने-चांदी में तेजी की संभावना जताई है। उनके अनुसार, वैश्विक बाजार में सोना 5,000 डॉलर प्रति औंस के स्तर तक पहुंच सकता है। भारतीय बाजार में सोने का भाव 1.80 लाख रुपये के पिछले उच्च स्तर को छू सकता है और उसके ऊपर भी जा सकता है, यदि रुपया मौजूदा स्तरों के आसपास बना रहता है।
चांदी को लेकर केडिया ने वैश्विक बाजार में 90 डॉलर प्रति औंस का लक्ष्य बताया है। उनके मुताबिक इस स्तर पर घरेलू बाजार में चांदी 3 लाख रुपये प्रति किलोग्राम के पार जाने की संभावना बन सकती है। हालांकि, ये विशेषज्ञ का अनुमान है और वास्तविक कीमतें कई वैश्विक आर्थिक कारकों पर निर्भर करेंगी।
डॉलर और कच्चे तेल का असर
विशेषज्ञ के मुताबिक डॉलर इंडेक्स के 100 से नीचे आने से सोने जैसी डॉलर में कारोबार होने वाली कमोडिटीज को समर्थन मिला है। वहीं, मध्य-पूर्व में तनाव और आपूर्ति संबंधी जोखिमों के कारण कच्चे तेल की कीमतें ऊंची बनी हुई हैं। महंगा तेल महंगाई की चिंता बढ़ा सकता है, जिससे बाजार की नजर आगे की ब्याज दरों और केंद्रीय बैंकों के फैसलों पर बनी रहेगी।
केंद्रीय बैंकों की सोने की खरीद और दुनिया के कुछ देशों द्वारा डॉलर पर निर्भरता कम करने की कोशिशों को भी सोने की मांग के लिए महत्वपूर्ण कारक बताया जा रहा है।





