नई दिल्ली/चेन्नई। तमिलनाडु भाजपा के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष के. अन्नामलाई के इस्तीफे की अटकलों के बीच राजधानी दिल्ली में उनकी केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से हुई मुलाकात ने राजनीतिक गलियारों में नई चर्चा छेड़ दी है। पिछले कुछ दिनों से अन्नामलाई के भाजपा छोड़कर नई राजनीतिक पार्टी बनाने की खबरें सामने आ रही थीं, लेकिन ताजा घटनाक्रम के बाद स्थिति को लेकर सस्पेंस बरकरार है।
सूत्रों के अनुसार, अन्नामलाई ने दिल्ली में भाजपा के शीर्ष नेताओं से मुलाकात की। अमित शाह के साथ उनकी बैठक करीब आधे घंटे तक चली। हालांकि बैठक में क्या चर्चा हुई, इसकी आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है। मुलाकात के बाद अन्नामलाई बिना मीडिया से बातचीत किए रवाना हो गए।
राजनीतिक हलकों में यह चर्चा भी तेज है कि अन्नामलाई पार्टी नेतृत्व के कुछ फैसलों, विशेष रूप से तमिलनाडु में गठबंधन की रणनीति और संगठनात्मक बदलावों को लेकर असंतुष्ट बताए जा रहे हैं। इसी वजह से उनके भविष्य को लेकर अटकलें लगाई जा रही थीं।
हालांकि भाजपा की ओर से अभी तक अन्नामलाई के इस्तीफे की कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है। पार्टी सूत्रों का कहना है कि उन्होंने अभी इस्तीफा नहीं दिया है और नेतृत्व उनके साथ लगातार संवाद बनाए हुए है।
अन्नामलाई ने भी हाल ही में संकेत दिया था कि वह जल्द ही अपने राजनीतिक भविष्य को लेकर स्पष्ट रुख सामने रखेंगे। ऐसे में अब सभी की नजरें उनके अगले कदम पर टिकी हैं। यदि वे भाजपा में बने रहते हैं तो तमिलनाडु की राजनीति में भाजपा की रणनीति को मजबूती मिल सकती है, वहीं अलग राह चुनने की स्थिति में राज्य की राजनीति में नए समीकरण बन सकते हैं।
फिलहाल, अमित शाह से मुलाकात के बाद अन्नामलाई की चुप्पी ने तमिलनाडु की राजनीति में सस्पेंस और बढ़ा दिया है। आने वाले दिनों में उनके फैसले से राज्य की राजनीतिक दिशा पर असर पड़ सकता है।





