गंगटोक। सिक्किम के नामची जिले में एनएचपीसी की निर्माणाधीन तीस्ता स्टेज-6 जलविद्युत परियोजना की सुरंग में हुए भीषण हादसे में मृतकों की संख्या बढ़कर 10 हो गई है। सुरंग के भीतर अभी भी कई श्रमिकों के फंसे होने की आशंका है। प्रशासन, एनडीआरएफ, एसडीआरएफ, पुलिस, दमकल विभाग और स्वास्थ्य विभाग की संयुक्त टीमें लगातार राहत एवं बचाव अभियान चला रही हैं।
जानकारी के अनुसार, हादसा सुरंग के प्रवेश द्वार के पास भूस्खलन और संदिग्ध गैस रिसाव के बाद हुआ, जिससे सुरंग के भीतर काम कर रहे कई श्रमिक फंस गए। अधिकारियों का कहना है कि सुरंग के अंदर जहरीली गैस की मौजूदगी के कारण बचाव कार्य बेहद चुनौतीपूर्ण बना हुआ है। रेस्क्यू टीमों को विशेष सुरक्षा उपकरणों के साथ अंदर भेजा जा रहा है।
जिला प्रशासन के मुताबिक, अब तक 10 शव बरामद किए जा चुके हैं, जबकि कई अन्य लोगों के अब भी अंदर फंसे होने की आशंका है। हालांकि, सुरंग के भीतर मौजूद लोगों की सटीक संख्या की आधिकारिक पुष्टि अभी नहीं हो सकी है। बचाव अभियान पूरा होने के बाद ही स्थिति स्पष्ट हो पाएगी।
हादसे के बाद सिक्किम राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (एसएसडीएमए) पूरे घटनाक्रम पर नजर बनाए हुए है। राज्य सरकार ने सभी संबंधित एजेंसियों को समन्वय के साथ राहत कार्य तेज करने के निर्देश दिए हैं। घायलों को आसपास के अस्पतालों में भर्ती कराया गया है, जहां उनका उपचार जारी है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी हादसे पर गहरा दुख व्यक्त करते हुए सिक्किम के मुख्यमंत्री से बातचीत की और बचाव अभियान की जानकारी ली। उन्होंने केंद्र सरकार की ओर से हरसंभव सहायता उपलब्ध कराने का आश्वासन दिया है।
प्रशासन का कहना है कि प्राथमिकता सुरंग में फंसे लोगों को सुरक्षित बाहर निकालने की है। हादसे के कारणों की विस्तृत जांच भी शुरू कर दी गई है। विशेषज्ञों की टीम सुरंग के भीतर गैस रिसाव और भूस्खलन की परिस्थितियों का आकलन कर रही है।





