पुणे, 2 सितंबर। विनायक दामोदर सावरकर के प्रपौत्र सत्याकी सावरकर ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी के खिलाफ चल रहे आपराधिक मानहानि मामले की सुनवाई के दौरान सावरकर का बचाव किया। पुणे की विशेष अदालत में गवाही देते हुए उन्होंने कहा कि सावरकर ने कभी मुसलमानों से नफरत नहीं की, बल्कि अपने लेखन में उनके विकास और प्रगति के रास्तों की बात की थी।
सत्याकी ने आरोप लगाया कि राहुल गांधी ने वर्ष 2023 में लंदन में दिए अपने भाषण के दौरान सावरकर को मुसलमानों से बेहद नफरत करने वाला व्यक्ति और भीड़ द्वारा हिंसा करने वाला व्यक्ति के तौर पर पेश किया। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी की ओर से सावरकर के बारे में कही गई बातें उनकी प्रतिष्ठा को नुकसान पहुंचाने वाली हैं।
मामले की सुनवाई के दौरान राहुल गांधी के वकील मिलिंद पवार ने सत्याकी से पूछा कि भाषण में ऐसा कौन-सा हिस्सा था, जिसे वह मानहानिकारक मानते हैं। इसके जवाब में सत्याकी ने राहुल गांधी द्वारा कथित तौर पर कही गई उस बात का उल्लेख किया, जिसमें सावरकर और उनके कुछ साथियों द्वारा एक मुस्लिम युवक के साथ मारपीट करने और इस घटना से खुशी मिलने का जिक्र था।
सत्याकी ने इस दावे को खारिज करते हुए कहा कि ऐसी बातों से सावरकर की छवि एक मुस्लिम विरोधी और हिंसक व्यक्ति के रूप में पेश की गई। उन्होंने दावा किया कि सावरकर ने अपने लेखन में मुसलमानों की प्रगति के उपाय बताए थे।
इस मामले में सत्याकी सावरकर ने राहुल गांधी के खिलाफ आपराधिक मानहानि की शिकायत दर्ज कराई है। अदालत में मामले की सुनवाई और सत्याकी की जिरह जारी है।





