देहरादून। पुरानी पेंशन योजना (ओपीएस) बहाल करने की मांग को लेकर उत्तराखंड में शिक्षक और कर्मचारी संगठनों ने आंदोलन तेज करने की तैयारी शुरू कर दी है। इसी क्रम में 13 सितंबर को देहरादून में प्रदेशव्यापी पेंशन महारैली आयोजित की जाएगी। इसमें प्रदेशभर से बड़ी संख्या में शिक्षक और कर्मचारी शामिल होंगे।
पुरानी पेंशन बहाली राष्ट्रीय आंदोलन (एनएमओपीएस) की देहरादून जिला इकाई की बैठक में महारैली की तैयारियों और रणनीति पर चर्चा की गई। संगठन पदाधिकारियों ने अधिक से अधिक कर्मचारियों और शिक्षकों को आंदोलन से जोड़ने पर जोर दिया। बैठक में जिला कार्यकारिणी का विस्तार भी किया गया।
एनएमओपीएस पदाधिकारियों के अनुसार, 13 सितंबर को देहरादून में प्रस्तावित महारैली के दौरान कर्मचारी और शिक्षक मुख्यमंत्री आवास का घेराव करेंगे। संगठन का कहना है कि नई पेंशन व्यवस्था कर्मचारियों के हित में नहीं है और सेवानिवृत्ति के बाद आर्थिक सुरक्षा के लिए पुरानी पेंशन व्यवस्था जरूरी है।
जिला अध्यक्ष संतोष गड़ोही ने कहा कि पुरानी पेंशन बहाली तक आंदोलन जारी रहेगा। जिला मंत्री विनोद मल्ल ने कर्मचारियों से बड़ी संख्या में महारैली में भाग लेने की अपील की। उत्तराखंड राज्य प्राथमिक शिक्षक संघ रायपुर के अध्यक्ष अरविंद सिंह सोलंकी ने भी पुरानी पेंशन को कर्मचारियों के बुढ़ापे का सहारा बताते हुए आंदोलन को मजबूती देने की बात कही।
संगठन ने रैली को सफल बनाने के लिए जिला और विकासखंड स्तर पर तैयारियां तेज करने तथा कर्मचारियों-शिक्षकों से संपर्क बढ़ाने का निर्णय लिया है। पदाधिकारियों का कहना है कि महारैली के माध्यम से सरकार तक पुरानी पेंशन बहाली की मांग को मजबूती से पहुंचाया जाएगा।





