देहरादून। उत्तराखंड के अल्मोड़ा निवासी युवा नवाचारी रवि टम्टा के उड़ने वाले वाहन के प्रोजेक्ट को मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का समर्थन मिला है। मुख्यमंत्री ने रवि के प्रयास की सराहना करते हुए इसे प्रदेश के युवाओं की प्रतिभा और नवाचार का उदाहरण बताया।
रवि टम्टा ने अपनी कंपनी हपिडा स्काई प्राइवेट लिमिटेड के माध्यम से इलेक्ट्रिक वर्टिकल टेक-ऑफ एंड लैंडिंग (eVTOL) वाहन का प्रोटोटाइप तैयार किया है। इसका अल्मोड़ा में सफल परीक्षण भी किया जा चुका है। परीक्षण के दौरान वाहन करीब एक मिनट तक हवा में रहा। पायलट सहित इसका वजन करीब दो क्विंटल बताया गया है। वाहन में पायलट के लिए कॉकपिट और उड़ान तथा संतुलन के लिए चार प्रोपेलर लगाए गए हैं।
इंटरनेट से सीखी तकनीक
रवि ने विज्ञान विषय की औपचारिक पढ़ाई नहीं की है। उन्होंने इंटरनेट के माध्यम से तकनीकी जानकारी हासिल कर इस प्रोजेक्ट पर काम किया। करीब डेढ़ वर्ष की मेहनत के बाद उन्होंने उड़ने वाले वाहन का प्रोटोटाइप तैयार किया। इसके लिए देश-विदेश से आवश्यक उपकरण जुटाए गए।
रवि का लक्ष्य भविष्य में इस तकनीक को और विकसित करना है। उन्होंने बताया कि अगले चरण में करीब पांच घंटे तक लगातार उड़ान भरने में सक्षम इलेक्ट्रिक वाहन विकसित करने की योजना है। इसमें आपात स्थिति में सुरक्षित लैंडिंग के लिए पैराशूट की व्यवस्था भी प्रस्तावित है।
आपदा राहत में भी उपयोग की संभावना
रवि टम्टा के अनुसार, भविष्य में इस तकनीक का इस्तेमाल व्यक्तिगत परिवहन के साथ-साथ आपदा राहत जैसे कार्यों में भी किया जा सकता है। उत्तराखंड जैसे पर्वतीय राज्य में कठिन भौगोलिक परिस्थितियों के कारण ऐसी तकनीक परिवहन के नए विकल्प उपलब्ध करा सकती है।
मुख्यमंत्री धामी ने रवि के नवाचार को युवाओं के लिए प्रेरणादायक बताया और कहा कि उत्तराखंड में प्रतिभा तथा वैज्ञानिक सोच की कमी नहीं है। सरकार की ओर से ऐसे नवाचारों को प्रोत्साहित करने पर जोर दिया जा रहा है।
रवि अब अपने प्रोटोटाइप को और सुरक्षित एवं आधुनिक बनाने के साथ इसके पेटेंट और नियामकीय अनुमतियों की दिशा में आगे बढ़ने की तैयारी कर रहे हैं।





