बागेश्वर/देहरादून: पिंडारी ग्लेशियर ट्रेक के दौरान नोएडा के 28 वर्षीय अभियंता अभिषेक कुमार लापता हो गए हैं। उनका गुम होने का मामला सामने आने के बाद उत्तराखंड पुलिस और स्थानीय प्रशासन ने उनके खोज और बचाव कार्य को तेज कर दिया है। अभिषेक पिछले कुछ दिनों से ट्रेक पर थे और उनके परिवार ने उनकी लापता होने की सूचना तुरंत पुलिस को दी।
सूत्रों के अनुसार, अभिषेक ट्रेक के दौरान हिमालय की कठिन परिस्थितियों का सामना कर रहे थे। मौसम के अचानक बदलने और ग्लेशियर के खतरनाक इलाके में फंसने की आशंका जताई जा रही है। प्रशासन ने तुरंत रेस्क्यू टीमों को घटनास्थल पर भेजा और स्थानीय गाइड्स व पर्वतारोहियों की मदद से उन्हें ढूंढने का अभियान शुरू किया।
इस अभियान को सफल बनाने के लिए राज्य सरकार ने 10 लाख रुपये का इनाम घोषित किया है। यह राशि किसी भी महत्वपूर्ण सुराग या सूचना के आधार पर अभिषेक तक पहुंचने में मदद करने वाले को दी जाएगी।
अभिषेक के परिवार और मित्रों ने सोशल मीडिया पर भी उनकी तलाश की अपील की है। परिवार ने कहा कि अभिषेक साहसी और अनुभवी ट्रेकर हैं, लेकिन पिंडारी ग्लेशियर की परिस्थितियाँ इस समय अत्यंत चुनौतीपूर्ण हैं।
बागेश्वर पुलिस ने ट्रेकिंग रूट और आसपास के इलाकों में ड्रोन और हेलीकॉप्टर का इस्तेमाल करते हुए खोज अभियान तेज कर दिया है। स्थानीय प्रशासन का कहना है कि रेस्क्यू टीमों को जल्द से जल्द अभिषेक का सुराग मिलने की उम्मीद है, ताकि उन्हें सुरक्षित निकाला जा सके।
विशेषज्ञों का कहना है कि ग्लेशियर और ऊंचाई वाले इलाकों में अचानक मौसम बदलने से दुर्घटना का खतरा बढ़ जाता है। ऐसे में ट्रेकिंग के दौरान सतर्कता और सुरक्षा उपकरणों का उपयोग बेहद जरूरी होता है।
राज्य प्रशासन ने स्थानीय गाइड्स, एसडीआरएफ और पुलिस टीम को निर्देश दिया है कि खोज अभियान को 24 घंटे सक्रिय रखा जाए। प्रशासन ने ट्रेकर्स और पर्यटकों से अपील की है कि वे अकेले या बिना गाइड के इस प्रकार के खतरनाक क्षेत्रों में न जाएँ।
यह मामला पिंडारी ग्लेशियर के खतरनाक इलाकों में ट्रेकिंग की चुनौती और सुरक्षा उपायों की अहमियत को दोबारा सामने ला रहा है। पूरे प्रदेश में लोगों की निगाहें अब इस खोज अभियान पर टिकी हुई हैं।




