नई दिल्ली। मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ 10 अक्टूबर को प्रस्तावित कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के विरोध प्रदर्शन को लेकर विपक्षी दलों के बीच मतभेद सामने आए हैं। आम आदमी पार्टी (AAP) और वाम दलों ने प्रदर्शन में शामिल होने का ऐलान किया है, जबकि कांग्रेस ने इससे दूरी बनाए रखी है।
CJP ने प्रदर्शन में शामिल होने के लिए सभी विपक्षी दलों को आमंत्रित किया था। इस बीच, तृणमूल कांग्रेस (TMC) की भागीदारी को लेकर भी स्थिति स्पष्ट नहीं थी। पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने प्रदर्शन में शामिल होने की संभावना जताई थी, लेकिन अंतिम निर्णय की पुष्टि नहीं हुई थी।
केजरीवाल ने लोगों से की अपील
आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने प्रदर्शन में शामिल होने की घोषणा करते हुए लोगों से अधिक से अधिक संख्या में पहुंचने की अपील की। उन्होंने इसे किसी एक व्यक्ति या राजनीतिक दल का मुद्दा नहीं, बल्कि देश से जुड़ा विषय बताया। केजरीवाल के परिवार के भी प्रदर्शन में शामिल होने की बात कही गई।
वाम दलों ने भी दिया समर्थन
मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (CPM), भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (CPI), CPI (ML), रिवोल्यूशनरी सोशलिस्ट पार्टी (RSP) और ऑल इंडिया फॉरवर्ड ब्लॉक ने संयुक्त बयान जारी कर प्रदर्शन का समर्थन किया। वाम दलों ने सभा और विरोध प्रदर्शन को लोकतांत्रिक अधिकार बताते हुए इसमें भागीदारी की बात कही।
राहुल गांधी चेन्नई के कार्यक्रम में होंगे शामिल
वहीं, लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी 10 अक्टूबर को अपने पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के तहत चेन्नई जाने वाले हैं। तमिलनाडु कांग्रेस कमेटी के प्रमुख मणिकम टैगोर के अनुसार, राहुल गांधी वहां ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम में हिस्सा लेंगे। इस तरह दिल्ली में प्रस्तावित प्रदर्शन को लेकर विपक्षी दलों के रुख में अंतर दिखाई दे रहा है।
चुनावी प्रक्रिया को लेकर है विरोध
CJP का प्रदर्शन मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे और विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) प्रक्रिया से जुड़े मुद्दों को लेकर प्रस्तावित है। प्रदर्शन को लेकर दिल्ली में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी किए जाने की भी खबर है।





