मुंबई। भगोड़े अंडरवर्ल्ड डॉन दाऊद इब्राहिम के भाई इकबाल कासकर से जुड़े धनशोधन मामले में प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) के कब्जे वाले फ्लैट में कथित तौर पर अवैध रूप से घुसने और ताला बदलने का मामला सामने आया है। ईडी ने इस मामले में ठाणे के कासारवडवली पुलिस थाने में 15 अक्टूबर को एफआईआर दर्ज कराई थी। एजेंसी ने अदालत के निर्देश पर फ्लैट का कब्जा दोबारा अपने पास ले लिया है।
हिंदुस्तान टाइम्स की रिपोर्ट के अनुसार, इस मामले में आरोपी की पहचान ठाणे निवासी हरेश कांबले के रूप में हुई है। आरोप है कि उसने 12 जुलाई को एक चाबी बनाने वाले की मदद से फ्लैट का ताला खुलवाया, ईडी की ओर से लगाया गया कब्जे का नोटिस हटाया और नया ताला लगा दिया। उसने संपत्ति पर अपना मालिकाना हक होने का दावा भी किया था।
2022 में कुर्क की गई थी संपत्ति
ईडी ने इकबाल कासकर और अन्य आरोपियों के खिलाफ जबरन वसूली से जुड़े मामले में धनशोधन की जांच के दौरान ठाणे पश्चिम स्थित फ्लैट को आठ अप्रैल 2022 को अस्थायी रूप से कुर्क किया था। बाद में 29 सितंबर 2022 को कुर्की की पुष्टि की गई। एजेंसी ने 17 दिसंबर 2024 को फ्लैट का भौतिक कब्जा भी ले लिया था।
जांच के दौरान ईडी ने आरोप लगाया था कि जबरन वसूली और धमकियों के जरिए फ्लैट को आरोपियों के नाम पर पंजीकृत कराया गया था। संबंधित संपत्ति मुमताज अज़ाज़ शेख उर्फ राजू के नाम पर दर्ज थी।
अदालत के निर्देश पर बदला गया ताला
ईडी को फ्लैट में कथित अनधिकृत प्रवेश और कब्जे का नोटिस हटाए जाने की जानकारी मिलने के बाद एजेंसी ने जांच की और मामला विशेष धनशोधन निवारण अधिनियम (पीएमएलए) अदालत के समक्ष रखा।
अदालत ने निर्देश दिया कि जरूरत पड़ने पर पुलिस की मदद से संपत्ति का कब्जा बहाल किया जाए। इसके बाद 15 अक्टूबर को पुलिसकर्मियों और गवाहों की मौजूदगी में फ्लैट का ताला बदलकर ईडी ने दोबारा कब्जा ले लिया। परिसर में नया नोटिस भी लगाया गया।
ईडी ने कहा कि एफआईआर दर्ज कराने का उद्देश्य मामले की जांच सुनिश्चित करना और संपत्ति पर कथित अवैध कब्जे के लिए जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई कराना है। मामले की जांच जारी है।





