हल्द्वानी। शारदीय नवरात्र की नवमी पर उत्तराखंड सरकार प्रदेश के सभी प्रखंडों में नौ-नौ महिलाओं को सम्मानित करने की तैयारी कर रही है। अलग-अलग क्षेत्रों में उल्लेखनीय योगदान देने वाली महिलाओं का चयन किया जाएगा। इनमें चिकित्सा, शिक्षा, खेल, समाजसेवा समेत अन्य क्षेत्रों में काम करने वाली महिलाएं शामिल होंगी।
इस पहल के तहत प्रत्येक प्रखंड में नौ महिलाओं को सम्मानित किया जाएगा। सरकार का उद्देश्य नवरात्र में देवी के नौ स्वरूपों की आराधना के साथ समाज में महिलाओं के योगदान और उपलब्धियों को भी सम्मान देना है। इसके माध्यम से उत्तराखंड से देशभर में नारी सशक्तीकरण का संदेश देने की तैयारी है।
चार अक्टूबर को कैबिनेट में आएगा प्रस्ताव
इस संबंध में चार अक्टूबर को चंपावत में होने वाली प्रदेश मंत्रिमंडल की बैठक में प्रस्ताव रखा जाएगा। कैबिनेट की मंजूरी के बाद योजना को आगे बढ़ाया जाएगा। सरकार के अनुसार, अलग-अलग क्षेत्रों में समाज और प्रदेश की प्रगति में योगदान दे रही महिलाओं का चयन किया जाएगा।
महिलाओं के लिए पहले से चल रही योजनाएं
धामी सरकार की ओर से महिलाओं के लिए पहले से कई योजनाएं संचालित की जा रही हैं। इनमें नंदा गौरा योजना, मुख्यमंत्री एकल महिला स्वरोजगार योजना और मुख्यमंत्री नारी शक्ति योजना शामिल हैं। इसके अलावा उत्तराखंड की मूल निवासी महिलाओं को सरकारी नौकरियों में 30 प्रतिशत आरक्षण भी दिया गया है।
सरकार की इस नई पहल के तहत नवमी के अवसर पर प्रदेश के प्रत्येक प्रखंड में नौ महिलाओं को सम्मानित किया जाएगा। रिपोर्ट के अनुसार, उत्तराखंड ऐसा करने वाला देश का पहला राज्य हो सकता है।





