नैनीताल/कैंची धाम (उत्तराखंड)। उत्तराखंड के प्रसिद्ध पर्यटन एवं तीर्थ स्थल नैनीताल और कैंची धाम में यातायात व्यवस्था को सुचारू रखने के लिए पुलिस प्रशासन ने बड़ा निर्णय लिया है। ईद की छुट्टियों से लेकर अगले वीकेंड तक दोनों स्थानों पर दोपहिया वाहनों (बाइकों) के प्रवेश पर पूर्ण प्रतिबंध लगा दिया गया है।
यह निर्णय लगातार बढ़ रही पर्यटकों और श्रद्धालुओं की भीड़ तथा उससे उत्पन्न हो रहे जाम की स्थिति को देखते हुए लिया गया है। पुलिस के अनुसार, छुट्टियों और वीकेंड के दौरान बड़ी संख्या में लोग रामपुर, मुरादाबाद, ऊधम सिंह नगर सहित आसपास के क्षेत्रों से बाइक पर नैनीताल और कैंची धाम पहुंचते हैं, जिससे सड़कों पर यातायात व्यवस्था पूरी तरह बाधित हो जाती है।
अधिकारियों का कहना है कि संकरी पहाड़ी सड़कों पर बेतरतीब तरीके से चलने वाले दोपहिया वाहनों के कारण दुर्घटनाओं का खतरा भी बढ़ जाता है। साथ ही, नैनीताल शहर और कैंची धाम क्षेत्र में पर्याप्त पार्किंग व्यवस्था न होने से स्थिति और अधिक गंभीर हो जाती है।
नई व्यवस्था के तहत बाहरी जिलों से आने वाले दोपहिया वाहनों को काठगोदाम और कालाढूंगी जैसे प्रवेश बिंदुओं पर ही रोक दिया जाएगा। इसके बाद पर्यटकों को शटल सेवा और सार्वजनिक परिवहन के माध्यम से नैनीताल और कैंची धाम भेजा जाएगा। प्रशासन ने बताया कि शटल बसें नियमित अंतराल पर संचालित की जाएंगी ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो।
पुलिस प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि यह व्यवस्था केवल भीड़ नियंत्रण और सड़क सुरक्षा के उद्देश्य से लागू की गई है। अधिकारियों ने पर्यटकों से अपील की है कि वे नियमों का पालन करें और निर्धारित पार्किंग व शटल व्यवस्था का उपयोग करें।
स्थानीय लोगों और व्यापारियों ने भी प्रशासन के इस निर्णय का स्वागत किया है, उनका कहना है कि इससे लंबे जाम की समस्या में कमी आएगी और पर्यटन अनुभव अधिक सुगम व सुरक्षित होगा।
प्रशासन ने यह भी संकेत दिए हैं कि आने वाले समय में भीड़ के दबाव को देखते हुए ऐसे कदम आगे भी उठाए जा सकते हैं, ताकि पर्यटन स्थलों पर व्यवस्था बनी रहे और दुर्घटनाओं को रोका जा सके।






