वाशिंगटन, 16 सितंबर। मध्य-पूर्व में बढ़ते तनाव के बीच अमेरिका ने सऊदी अरब की यात्रा को लेकर अपने नागरिकों के लिए लेवल-3 ट्रैवल एडवाइजरी जारी की है। अमेरिकी विदेश विभाग ने नागरिकों से सऊदी अरब की यात्रा पर पुनर्विचार करने को कहा है। एडवाइजरी में ईरानी ड्रोन और मिसाइल हमलों, सशस्त्र संघर्ष, आतंकवाद, एग्जिट बैन और सोशल मीडिया से जुड़े स्थानीय कानूनों को जोखिम के तौर पर बताया गया है।
अमेरिकी विदेश विभाग के अनुसार, ईरान की ओर से सऊदी अरब में मिसाइल और ड्रोन हमलों का खतरा बना हुआ है। इन हमलों में शहरों, हवाई अड्डों, सैन्य ठिकानों, ऊर्जा प्रतिष्ठानों और अन्य महत्वपूर्ण बुनियादी ढांचे को निशाना बनाए जाने की आशंका जताई गई है। इंटरसेप्ट किए गए मिसाइल और ड्रोन का मलबा भी लोगों के लिए खतरा पैदा कर सकता है।
हूती विद्रोहियों से भी खतरा
एडवाइजरी में यमन के हूती विद्रोहियों की ओर से सऊदी अरब पर दोबारा हमले की धमकी का भी उल्लेख किया गया है। क्षेत्र में जारी संघर्ष के कारण सऊदी अरब के कुछ हिस्सों में सुरक्षा जोखिम बढ़ने की बात कही गई है। हाल के दिनों में सऊदी क्षेत्र और उसके आसपास ड्रोन एवं मिसाइल गतिविधियों को लेकर कई देशों ने अपने नागरिकों को सतर्क रहने की सलाह दी है।
यमन सीमा पर लेवल-4 चेतावनी
अमेरिका ने सऊदी अरब और यमन की सीमा से लगे क्षेत्र के लिए इससे भी कड़ी लेवल-4 ‘डू नॉट ट्रैवल’ चेतावनी जारी रखी है। अमेरिकी विदेश विभाग ने इस इलाके में आतंकवाद और सीमा पार संघर्ष के खतरे का हवाला दिया है। सऊदी अरब में तैनात अमेरिकी सरकारी कर्मचारियों के लिए भी यमन सीमा के 20 मील के दायरे में यात्रा पर रोक लगाई गई है।
अमेरिकी एडवाइजरी में यह भी कहा गया है कि सऊदी अरब में सोशल मीडिया गतिविधियों को लेकर स्थानीय कानूनों का पालन करना जरूरी है। अधिकारियों के मुताबिक, कुछ मामलों में ऑनलाइन पोस्ट या गतिविधियों के कारण हिरासत में लिए जाने का जोखिम हो सकता है।




