नई दिल्ली। दिल्ली के इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के टर्मिनल-3 पर FASTag वाले वाहनों के प्रवेश को लेकर लगाई गई पाबंदियां हटा दी गई हैं। भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) के हस्तक्षेप के बाद यह कदम उठाया गया है। इससे यात्रियों को एयरपोर्ट पर पहुंचने और लेने आने वाले वाहन चालकों को राहत मिलने की उम्मीद है।
NHAI ने स्पष्ट किया है कि FASTag का इस्तेमाल पार्किंग शुल्क के भुगतान के लिए किया जाना चाहिए, न कि वाहनों के प्रवेश को नियंत्रित करने के लिए। इस मामले में संबंधित एजेंसियों को व्यवस्था सुधारने के निर्देश दिए गए थे।
शिकायत के बाद हुई कार्रवाई
यह मामला नीति आयोग के पूर्व उपाध्यक्ष राजीव कुमार की शिकायत के बाद सामने आया। उन्होंने 13 अक्टूबर को सोशल मीडिया मंच एक्स पर बताया था कि दिल्ली एयरपोर्ट के टर्मिनल-3 पर वार्षिक FASTag पास वाले कुछ वाहनों को मुख्य FASTag खाते में पर्याप्त बैलेंस नहीं होने के कारण प्रवेश नहीं दिया जा रहा था।
शिकायत के अनुसार, ऐसे वाहनों को पार्किंग क्षेत्र की ओर भेजा जा रहा था, जिससे यात्रियों और वाहन चालकों को परेशानी हो रही थी। राजीव कुमार ने इस व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए संबंधित अधिकारियों से हस्तक्षेप की मांग की थी।
FASTag भुगतान का माध्यम, प्रवेश रोकने का नहीं
मामले के सामने आने के बाद FASTag का प्रबंधन करने वाली इंडियन हाईवे मैनेजमेंट कंपनी लिमिटेड (IHMCL) ने संबंधित बैंक और एजेंसियों को व्यवस्था दुरुस्त करने के निर्देश दिए। प्राधिकरण ने स्पष्ट किया कि FASTag को पार्किंग शुल्क वसूलने के लिए इस्तेमाल किया जा सकता है, लेकिन इसके आधार पर एयरपोर्ट में प्रवेश पर रोक लगाना उचित नहीं है।
यात्रियों को मिलेगी राहत
दिल्ली एयरपोर्ट का टर्मिनल-3 देश के व्यस्ततम हवाई अड्डा टर्मिनलों में शामिल है। यहां प्रतिदिन बड़ी संख्या में यात्री पहुंचते हैं और उन्हें लेने या छोड़ने के लिए निजी वाहन भी आते हैं। FASTag से जुड़ी पाबंदियों के कारण वाहन चालकों को अतिरिक्त परेशानी का सामना करना पड़ रहा था।
प्रवेश संबंधी पाबंदियां हटने से अब वाहन चालकों को इस व्यवस्था से राहत मिलने की उम्मीद है। यात्रियों को सलाह है कि वे एयरपोर्ट के निर्धारित यातायात और पार्किंग नियमों का पालन करें।





