पर्यटन सीजन की शुरुआत के साथ उत्तराखंड पुलिस ने पर्यटकों की सुरक्षा को मजबूत बनाने के लिए तकनीक आधारित नई व्यवस्था लागू की है। राज्य के प्रमुख पर्यटन स्थलों पर अब ड्रोन के माध्यम से निगरानी की जाएगी, जिससे भीड़ नियंत्रण, सुरक्षा प्रबंधन और आपात स्थिति में त्वरित कार्रवाई संभव हो सकेगी।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, अधिक भीड़ वाले पर्यटन स्थलों और यात्रा मार्गों पर ड्रोन तैनात किए जा रहे हैं। इन ड्रोन के जरिए ऊपर से निगरानी रखी जाएगी, जिससे संदिग्ध गतिविधियों, यातायात दबाव और संभावित जोखिमों की पहचान समय रहते की जा सके। ड्रोन से प्राप्त लाइव फुटेज सीधे कंट्रोल रूम तक पहुंचेगी, जिससे पुलिस टीमों को तुरंत निर्णय लेने में सहायता मिलेगी।
इसके साथ ही प्रमुख स्थानों पर मोबाइल पुलिस यूनिट भी तैनात की गई हैं, जो पर्यटकों की सहायता, मार्गदर्शन और सुरक्षा व्यवस्था संभालेंगी। पुलिस का मानना है कि तकनीक और मानव संसाधन के संयुक्त उपयोग से कानून-व्यवस्था बनाए रखने के साथ-साथ पर्यटकों का विश्वास भी बढ़ेगा।
उत्तराखंड में गर्मियों और चारधाम यात्रा के दौरान बड़ी संख्या में पर्यटक और श्रद्धालु पहुंचते हैं। पहाड़ी क्षेत्रों में बढ़ती भीड़ के कारण यातायात प्रबंधन, सुरक्षा और आपदा प्रतिक्रिया जैसी चुनौतियां सामने आती हैं। ऐसे में ड्रोन निगरानी व्यवस्था इन चुनौतियों से निपटने में अहम भूमिका निभाएगी।
पुलिस विभाग ने स्पष्ट किया है कि यह पहल स्मार्ट पुलिसिंग की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। आधुनिक तकनीक के उपयोग से न केवल सुरक्षा व्यवस्था मजबूत होगी बल्कि आपात परिस्थितियों में राहत एवं बचाव कार्यों की गति भी तेज होगी।
नई व्यवस्था लागू होने के बाद उम्मीद जताई जा रही है कि उत्तराखंड आने वाले पर्यटकों को सुरक्षित और बेहतर यात्रा अनुभव मिलेगा तथा राज्य पर्यटन सुरक्षा के क्षेत्र में एक नया मानक स्थापित करेगा।





