नई दिल्ली। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के राष्ट्रीय सूचना एवं प्रौद्योगिकी विभाग के प्रमुख अमित मालवीय ने एथनॉल मिश्रण कार्यक्रम को किसानों की आय बढ़ाने और देश की अर्थव्यवस्था को मजबूत करने वाला कदम बताया है। उन्होंने कहा कि पेट्रोल में एथनॉल मिलाने की नीति से किसानों को नई बाजार व्यवस्था मिली है और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती मिली है।
मालवीय ने कहा कि एथनॉल ब्लेंडेड पेट्रोल (ईबीपी) कार्यक्रम से कृषि क्षेत्र को ऊर्जा क्षेत्र से जोड़ा गया है। गन्ना, मक्का और अन्य कृषि उत्पादों से तैयार एथनॉल की मांग बढ़ने से किसानों को अतिरिक्त आय के अवसर मिले हैं। सरकार का कहना है कि इस पहल से न केवल किसानों को लाभ हुआ है, बल्कि कच्चे तेल के आयात पर निर्भरता कम करने में भी मदद मिली है।
केंद्र सरकार के अनुसार, एथनॉल मिश्रण कार्यक्रम के तहत किसानों को भुगतान में तेजी आई है और इससे विदेशी मुद्रा की बचत भी हुई है। पेट्रोल में एथनॉल मिश्रण बढ़ने से कार्बन उत्सर्जन में कमी और स्वच्छ ऊर्जा को बढ़ावा देने में मदद मिली है।
अमित मालवीय ने कहा कि यह पहल किसानों को केवल अन्नदाता ही नहीं, बल्कि ऊर्जा सुरक्षा में भागीदार बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। उन्होंने एथनॉल नीति को आत्मनिर्भर भारत और हरित ऊर्जा अभियान से जुड़ा प्रयास बताया।
सरकार का लक्ष्य आने वाले वर्षों में जैव ईंधन के उपयोग को और बढ़ाना है, ताकि ऊर्जा जरूरतों को पूरा करने के साथ-साथ कृषि क्षेत्र को भी आर्थिक मजबूती मिल सके।





