विधायक के प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान कांग्रेस पर साधा निशाना,एसआईआर ने कांग्रेस के झूठे नैरेटिव को दिखाया आईना
रुद्रपुर। उत्तराखंड में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर ) के बाद रुद्रपुर विधानसभा क्षेत्र प्रदेश की सर्वाधिक मतदाताओं वाली विधानसभा बनकर उभरी है। विधायक शिव अरोरा ने इसे लेकर अपने कार्यालय में प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान मीडिया को जानकारी दी। विधायक ने निर्वाचन आयोग, भाजपा के बीएलए-1,बीएलए-2, पार्टी के वरिष्ठ एवं कनिष्ठ कार्यकर्ता तथा प्रत्येक बूथ पर मतदाता सूची के पुनरीक्षण में जुटे बीएलओ का आभार व्यक्त किया।विधायक ने कहा कि एसआईआर जैसी महत्वपूर्ण प्रक्रिया में प्रत्येक स्तर पर जिम्मेदारी के साथ कार्य किया गया। मतदाता सूची को अधिक शुद्ध,पारदर्शी, वास्तविक बनाने के लिए निर्वाचन आयोग के अधिकारियों-कर्मचारियों के साथ ही बूथ स्तर पर कार्य करने वाले लोगों ने पूरी ईमानदारी से अपनी जिम्मेदारी निभाई। उन्होंने बताया कि 2022 में दूसरे स्थान पर थी रुद्रपुर विधानसभा,अब एसआईआर के बाद प्रदेश में नंबर-1 हो गई। विधायक ने कहा कि वर्ष 2022 के विधानसभा चुनाव के आंकड़ों पर नजर डालें तो रुद्रपुर विधानसभा में कुल 1,92,723 मतदाता थे। इनमें 1,01,967 पुरुष, 90,750 महिलाएं और 6 तृतीय लिंग के मतदाता शामिल थे। उस समय रुद्रपुर प्रदेश की सर्वाधिक मतदाताओं वाली विधानसभा में दूसरे स्थान पर था।एसआईआर के बाद जारी अंतिम मतदाता सूची के अनुसार 3 अक्टूबर 2026 को रुद्रपुर विधानसभा में 1,73,171 मतदाता हैं। इनमें 90,479 पुरुष, 82,689 महिला और 3 थर्ड जेंडर मतदाता शामिल हैं। ने इसके बावजूद वर्तमान अंतिम मतदाता सूची में रुद्रपुर प्रदेश की सभी विधानसभाओं में सर्वाधिक मतदाताओं वाली विधानसभा बन गई है। उन्होंने बताया कि एसआईआर
के बाद शीर्ष दस विधानसभा क्षेत्रों के आंकड़ों में रुद्रपुर 1,73,171 मतदाताओं के साथ पहले स्थान पर है। इसके बाद कालाढूंगी। उन्होंने बताया कि रुद्रपुर विधानसभा प्रदेश की सबसे बड़ी विधानसभा के रूप में सामने आई है।जिन्होंने 50 हजार वोट कटने का सपना देखा था, उनके मंसूबों पर पानी फिरा।
विधायक ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि एसआईआर को लेकर कांग्रेस और विपक्ष जिस प्रकार का झूठा नैरेटिव खड़ा करने का प्रयास कर रहा,वास्तविक आंकड़ों ने उस नैरेटिव को आईना दिखाने का काम किया है।विधायक ने कहा कि वर्ष 2012 में रुद्रपुर विधानसभा क्षेत्र के अलग विधानसभा के रूप में अस्तित्व में आने के बाद बड़ी संख्या में लोग सिडकुल में रोजगार और अन्य कारणों से यहां आए थे। समय के साथ बहुत से लोग यहां से वापस चले गए, दूसरे स्थानों पर स्थानांतरित हो गए अथवा उनका निधन हो गया। ऐसे नामों का मतदाता सूची से हटना मतदाता सूची के शुद्धिकरण की स्वाभाविक प्रक्रिया है। वह वो लोग थे जो पिछले कई चुनाव मे मतदान में प्रतिभाग नहीं कर रहे थे। आपत्तियों के परीक्षण के बाद 2,309 मतदाताओं के नाम हटाए गए, जबकि फॉर्म-6 तथा ट्रांसफर आदि की प्रक्रिया के माध्यम से 2,675 मतदाता जुड़े। इसके बाद रुद्रपुर विधानसभा की अंतिम मतदाता सूची में कुल 1,73,171 मतदाता हैं।इस मौके पर पूर्व पालिका अध्यक्ष मीना शर्मा,गजेंद्र प्रजापति, मयंक कक्कड़, मनोज मदान, सुनील यादव आदि मौजूद रहे।





