देहरादून। उत्तराखंड सरकार ने पर्यटन क्षेत्र से जुड़े कारोबारियों को बड़ी राहत देने की तैयारी की है। प्रदेश में होमस्टे समेत विभिन्न पर्यटन एवं मनोरंजन इकाइयों के पंजीकरण और नवीनीकरण की प्रक्रिया को सरल, पारदर्शी और सुविधाजनक बनाया जाएगा। सरकार का उद्देश्य पर्यटन कारोबारियों को अनावश्यक प्रक्रियाओं से राहत देना और पंजीकरण व्यवस्था को अधिक प्रभावी बनाना है।
नई व्यवस्था के तहत पर्यटन इकाइयों के पंजीकरण की प्रक्रिया को सरल बनाने के साथ ही नवीनीकरण से जुड़े नियमों में भी बदलाव किया जा रहा है। इससे होटल, होमस्टे और अन्य पर्यटन गतिविधियों से जुड़े संचालकों को आवेदन और दस्तावेजी प्रक्रिया में सुविधा मिलने की उम्मीद है।
ऑनलाइन व्यवस्था पर जोर
पर्यटन विभाग पहले से ही होमस्टे के लिए ऑनलाइन पंजीकरण और अन्य डिजिटल सुविधाओं को बढ़ावा दे रहा है। विभाग के आधिकारिक पोर्टल पर होमस्टे पंजीकरण की प्रक्रिया उपलब्ध है, जिससे संचालक ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं।
सरकार की कोशिश है कि पंजीकरण व्यवस्था में पारदर्शिता बढ़े और पर्यटन इकाइयों के संचालकों को कार्यालयों के अनावश्यक चक्कर न लगाने पड़ें। इससे खासकर पर्वतीय क्षेत्रों में छोटे स्तर पर पर्यटन कारोबार करने वाले लोगों को लाभ मिलने की संभावना है।
उत्तराखंड में होमस्टे की संख्या लगातार बढ़ रही है। पर्यटन विभाग की ऑनलाइन बुकिंग व्यवस्था भी होमस्टे संचालकों को अपने प्रतिष्ठानों को व्यापक पर्यटक बाजार तक पहुंचाने में मदद कर रही है।
नई प्रक्रिया लागू होने के बाद पर्यटन क्षेत्र में निवेश और नए होमस्टे शुरू करने वालों को भी प्रोत्साहन मिलने की उम्मीद है। सरकार का मानना है कि सरल पंजीकरण व्यवस्था से स्थानीय लोगों के लिए रोजगार और स्वरोजगार के अवसर बढ़ेंगे तथा राज्य के पर्यटन उद्योग को और गति मिलेगी।





