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BRICS सम्मेलन से विपक्षी मुख्यमंत्रियों की दूरी, NDA के छह मुख्यमंत्री बैठक में हुए शामिल

नई दिल्ली। राजधानी के भारत मंडपम में आयोजित दो दिवसीय BRICS शिखर सम्मेलन के दौरान अंतरराष्ट्रीय मुद्दों के साथ घरेलू राजनीति का रंग भी दिखाई दिया। सम्मेलन में देश के सभी मुख्यमंत्रियों को आमंत्रित किया गया था, लेकिन विपक्ष शासित राज्यों के कई मुख्यमंत्री बैठक और इसके उपलक्ष्य में आयोजित रात्रिभोज में शामिल नहीं हुए।

विपक्षी मुख्यमंत्रियों की गैर-मौजूदगी को लेकर कोई आधिकारिक कारण सामने नहीं आया है। हालांकि, तेलंगाना और हिमाचल प्रदेश से जुड़े सूत्रों के अनुसार मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी और सुखविंदर सिंह सुक्खू अपने पहले से निर्धारित कार्यक्रमों के चलते सम्मेलन में शामिल नहीं हो सके।

वहीं, भाजपा और NDA शासित राज्यों के छह मुख्यमंत्रियों ने BRICS बैठक तथा रात्रिभोज में हिस्सा लिया। इनमें उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, महाराष्ट्र के देवेंद्र फडणवीस, पश्चिम बंगाल के सुवेंदु अधिकारी, असम के हिमंत बिस्वा सरमा, उत्तराखंड के पुष्कर सिंह धामी और दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता शामिल रहीं।

दूसरी ओर, विपक्ष की ओर से केरल के वीडी सतीशन, तमिलनाडु के विजय, कर्नाटक के डीके शिवकुमार सहित कई प्रमुख नेता इस आयोजन में नजर नहीं आए। BRICS जैसे अंतरराष्ट्रीय मंच से जुड़े कार्यक्रम में विपक्षी राज्यों के प्रतिनिधियों की अनुपस्थिति को लेकर राजनीतिक चर्चाएं भी तेज हो गई हैं।

कांग्रेस ने उठाए सवाल

कांग्रेस ने BRICS सम्मेलन के नतीजों और नई दिल्ली घोषणापत्र को लेकर सरकार पर सवाल उठाए। कांग्रेस नेता नाना पटोले ने चीन के साथ सीमा विवाद का मुद्दा उठाते हुए कहा कि प्रधानमंत्री को अरुणाचल प्रदेश और लद्दाख में चीनी गतिविधियों को लेकर स्पष्ट रुख रखना चाहिए था। उन्होंने सीमा से जुड़े मुद्दों पर अपेक्षित चर्चा नहीं होने को निराशाजनक बताया।

कांग्रेस नेता राशिद अल्वी ने भी घोषणापत्र में पहलगाम आतंकी हमले के उल्लेख को लेकर सवाल उठाए। उनका कहना था कि आतंकवाद की निंदा के साथ यह भी स्पष्ट किया जाना चाहिए था कि हमले के पीछे कौन जिम्मेदार था।

गौरतलब है कि इससे पहले भी विपक्षी दलों के नेताओं की सरकारी आयोजनों से दूरी को लेकर राजनीतिक विवाद सामने आते रहे हैं। ऐसे में BRICS सम्मेलन में विपक्षी मुख्यमंत्रियों की अनुपस्थिति ने एक बार फिर राजनीतिक बहस को जन्म दे दिया है।

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