अदन (यमन)। यमन के प्रमुख बंदरगाह शहर अदन के अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर शुक्रवार रात दो मिसाइलें गिरने से अफरा-तफरी मच गई। हमले के समय एक यात्री विमान काहिरा के लिए उड़ान भरने की तैयारी कर रहा था। मिसाइलें विमान से करीब 500 मीटर दूर गिरीं। हालांकि, घटना में किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है। सुरक्षा के मद्देनजर विमान में सवार यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया।
यमन के अधिकारियों ने इस हमले के लिए ईरान समर्थित हूती विद्रोहियों को जिम्मेदार ठहराया है। दस दिनों से भी कम समय में अदन एयरपोर्ट पर यह दूसरा मिसाइल हमला है।
उड़ान से पहले यात्रियों को निकाला गया
यमन के सूचना मंत्री मुअम्मर अल-एरयानी के अनुसार, यमेनिया एयरवेज का विमान उड़ान संख्या 612 काहिरा जाने के लिए तैयार था। इसी दौरान एयरपोर्ट परिसर के पास दो मिसाइलें आकर गिरीं। मिसाइलें रनवे के मध्य हिस्से से करीब 100 मीटर की दूरी पर गिरी थीं।
घटना के बाद यात्रियों और विमान के चालक दल को सुरक्षित बाहर निकाला गया। अधिकारियों ने बताया कि हमले में किसी के घायल होने की सूचना नहीं मिली है। यमन के परिवहन मंत्रालय ने इस घटना की निंदा करते हुए इसे नागरिकों की जान और विमानन सुरक्षा के लिए गंभीर खतरा बताया।
सैन्य ठिकाने को निशाना बनाने का दावा
हूती विद्रोहियों से जुड़े एक सैन्य अधिकारी ने दावा किया कि हमले में एयरपोर्ट के पास स्थित सैन्य ठिकाने को निशाना बनाया गया। इस ठिकाने पर सऊदी अरब के नेतृत्व वाली सेना का कमांड सेंटर और हथियारों का भंडार मौजूद है।
हालांकि, मिसाइलों के एयरपोर्ट परिसर में गिरने से नागरिक विमानन की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है। अदन हवाई अड्डा यमन के उन क्षेत्रों के लिए प्रमुख अंतरराष्ट्रीय प्रवेश द्वार है, जो हूती विद्रोहियों के नियंत्रण में नहीं हैं।
एक दिन पहले भी हुआ था बड़ा हमला
अदन में गुरुवार को भी एक बड़ा हमला हुआ था। हूती विद्रोहियों के हमले में सरकारी परिसर को निशाना बनाया गया, जिसमें कम से कम पांच लोगों की मौत हुई थी।
यमन में हूती विद्रोहियों और सऊदी अरब समर्थित सरकारी बलों के बीच संघर्ष लगातार तेज हो रहा है। ताजा घटनाओं से क्षेत्र में सुरक्षा स्थिति और गंभीर होने की आशंका है।





