सक्ती/रायगढ़। छत्तीसगढ़ के सक्ती जिले से एक हृदयविदारक खबर सामने आई है। मंगलवार को सिंघीतराई स्थित वेदांता पावर प्लांट में एक भीषण बॉयलर विस्फोट हो गया, जिसमें अब तक छह मजदूरों की दर्दनाक मौत हो चुकी है। इस हादसे में 18 अन्य मजदूर गंभीर रूप से झुलस गए हैं, जिन्हें उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। धमाका इतना जोरदार था कि इसकी गूंज दूर तक सुनी गई और प्लांट परिसर के भीतर अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
काम के दौरान अचानक फटा बॉयलर
घटना मंगलवार दोपहर की है, जब प्लांट में सामान्य रूप से कार्य चल रहा था।
- जोरदार धमाका: अचानक प्लांट के बॉयलर में तकनीकी खराबी के कारण जबरदस्त विस्फोट हो गया। विस्फोट के वक्त आसपास कई मजदूर काम कर रहे थे, जो गर्म भाप और मलबे की चपेट में आ गए।
- बचाव कार्य: हादसे के तुरंत बाद स्थानीय प्रशासन और प्लांट के सुरक्षा अमले ने रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया। मलबे में दबे और झुलसे हुए लोगों को बाहर निकालकर तत्काल अस्पताल रवाना किया गया।
रायगढ़ के अस्पतालों में मची चीख-पुकार
घायलों की गंभीर स्थिति को देखते हुए उन्हें पड़ोसी जिले रायगढ़ के जिंदल अस्पताल और अन्य निजी अस्पतालों में रेफर किया गया है।
- अस्पताल में स्थिति: जिंदल अस्पताल में अब तक 18 घायलों को भर्ती किए जाने की पुष्टि हुई है। डॉक्टरों के अनुसार, इनमें से कई मजदूरों की हालत अत्यंत नाजुक बनी हुई है।
- स्वास्थ्य सेवाओं पर दबाव: रायगढ़ के एक निजी अस्पताल में उपचार के दौरान 6 मजदूरों ने दम तोड़ दिया। घायलों की संख्या इतनी अधिक है कि वहां के वेंटिलेटर और आईसीयू बेड फुल हो चुके हैं, जिसके कारण कुछ मरीजों को अन्य चिकित्सा केंद्रों में स्थानांतरित करना पड़ा है।
मरने वालों की संख्या बढ़ने की आशंका
शुरुआती अपुष्ट खबरों और चश्मदीदों के अनुसार, हादसे की भयावहता को देखते हुए हताहतों की संख्या अभी और बढ़ सकती है।
- आशंका: घटनास्थल और अस्पताल की स्थिति को देखते हुए अंदेशा जताया जा रहा है कि मृतकों का आंकड़ा 10 तक पहुँच सकता है। शुरुआती जानकारी में 30 से 40 मजदूरों के झुलसने की खबर सामने आई थी, जिसकी प्रशासन आधिकारिक पुष्टि करने में जुटा है।
- जांच के आदेश: प्रशासन ने हादसे के कारणों की उच्च स्तरीय जांच के निर्देश दिए हैं। यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि क्या बॉयलर के रखरखाव में कोई लापरवाही बरती गई थी या यह एक तकनीकी विफलता थी।





