नई दिल्ली। ‘मेक इन इंडिया’ पहल के 12 वर्ष पूरे होने पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को इसके प्रभाव और उपलब्धियों को रेखांकित किया। उन्होंने कहा कि इस पहल के जरिए भारत में उत्पादन, निवेश और निर्यात को बढ़ावा मिला है और देश आत्मनिर्भरता की दिशा में आगे बढ़ा है।
प्रधानमंत्री ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर एक वीडियो साझा करते हुए कहा कि ‘मेक इन इंडिया’ का उद्देश्य ऐसे बुनियादी ढांचे, उद्यम और नवाचार को बढ़ावा देना है, जो देश के विकास और समृद्धि को गति दे। उन्होंने कहा कि इसका असर विभिन्न क्षेत्रों में दिखाई दे रहा है।
मोदी ने ‘मेक इन इंडिया’ के तहत भारत में बढ़े उत्पादन और निवेश के साथ निर्यात में हुई वृद्धि का उल्लेख किया। सरकार की ओर से साझा की गई जानकारी के मुताबिक, इस अवधि में इलेक्ट्रॉनिक्स, मोबाइल फोन, रक्षा, फार्मास्यूटिकल्स, ऑटोमोबाइल, सौर ऊर्जा और अन्य क्षेत्रों में घरेलू विनिर्माण को बढ़ावा मिला है।
प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत को विनिर्माण, डिजाइन और नवाचार का वैश्विक केंद्र बनाने के उद्देश्य से 25 सितंबर 2014 को ‘मेक इन इंडिया’ पहल शुरू की गई थी। उनके मुताबिक, पिछले 12 वर्षों में इस दिशा में कई क्षेत्रों में बदलाव देखने को मिले हैं।
सरकार के अनुसार, इलेक्ट्रॉनिक्स उत्पादन में भी उल्लेखनीय वृद्धि हुई है। प्रधानमंत्री कार्यालय की मीडिया कवरेज में बताया गया है कि इलेक्ट्रॉनिक्स उत्पादन 2014-15 के करीब 1.9 लाख करोड़ रुपये से बढ़कर 2025-26 में लगभग 13.11 लाख करोड़ रुपये हो गया।
पीएम मोदी ने कहा कि आत्मनिर्भरता का लक्ष्य केवल घरेलू जरूरतों को पूरा करना नहीं है, बल्कि भारतीय उत्पादों को वैश्विक बाजार में स्थापित करना भी है। इसके लिए गुणवत्ता, नवाचार और प्रतिस्पर्धी विनिर्माण पर जोर देने की जरूरत है।





