नई दिल्ली। नेपाल में बुधवार को अचानक आई बाढ़ ने भारी तबाही मचा दी। रसुवा जिले में भोटेकोशी नदी में आई तेज बाढ़ के बाद बड़ी संख्या में लोग लापता बताए जा रहे हैं। नेपाल पर्यटन बोर्ड के अनुसार, कुल 384 यात्री लापता हैं, जिनमें 105 भारतीय नागरिक शामिल हैं। इस प्राकृतिक आपदा में अब तक सात लोगों की मौत की भी सूचना है।
बाढ़ से रसुवा के अलावा धाडिंग और नुवाकोट जिलों में भी हालात बिगड़ गए हैं। अचानक बढ़े जलस्तर और तेज बहाव के कारण कई इलाकों में संपर्क प्रभावित हुआ है। लापता लोगों की तलाश और राहत-बचाव के लिए स्थानीय प्रशासन और सुरक्षा एजेंसियां अभियान चला रही हैं।
105 भारतीयों के लापता होने की खबर के बाद भारत सरकार भी सक्रिय हो गई है। विदेश मंत्रालय ने प्रभावित लोगों और उनके परिजनों की सहायता के लिए हेल्पलाइन जारी की है। भारतीय अधिकारियों की ओर से नेपाल प्रशासन के साथ लगातार संपर्क बनाए रखने और लापता नागरिकों की जानकारी जुटाने का प्रयास किया जा रहा है।
नेपाल में भारी बारिश और नदियों के बढ़ते जलस्तर का असर भारत के सीमावर्ती राज्यों पर भी पड़ने की आशंका है। बिहार और उत्तर प्रदेश में प्रशासन को अलर्ट किया गया है। खासकर नेपाल से आने वाली नदियों के जलस्तर पर लगातार नजर रखी जा रही है।
बिहार में नेपाल से आने वाली नदियों के कारण बाढ़ का खतरा पहले से बना रहता है। प्रशासन को संवेदनशील इलाकों में निगरानी बढ़ाने और जरूरत पड़ने पर लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने के निर्देश दिए गए हैं।
नेपाल में जारी खराब मौसम के बीच राहत और बचाव अभियान लगातार जारी है। अधिकारियों की प्राथमिकता लापता यात्रियों का पता लगाने और प्रभावित लोगों को सुरक्षित निकालने की है। आने वाले घंटों में मौसम और नदी के जलस्तर पर स्थिति काफी हद तक निर्भर करेगी।




