वॉशिंगटन डीसी। अमेरिका और फिलीपींस के रिश्तों को मजबूती देने की दिशा में आज एक अहम कदम उठने जा रहा है। फिलीपींस के राष्ट्रपति फर्दीनांद मार्कोस जूनियर की मंगलवार को व्हाइट हाउस में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से मुलाकात होगी। इस द्विपक्षीय बैठक में सुरक्षा सहयोग, हिंद-प्रशांत क्षेत्र की स्थिरता और व्यापारिक मसलों पर चर्चा की जाएगी।
हिंद-प्रशांत पर फोकस, चीन की आक्रामकता मुख्य चिंता
तीन दिवसीय अमेरिका यात्रा पर आए राष्ट्रपति मार्कोस जूनियर की यह मुलाकात ऐसे समय में हो रही है जब दक्षिण चीन सागर में चीन अपनी आक्रामक सैन्य गतिविधियाँ लगातार बढ़ा रहा है।
स्कारबोरो शोल को लेकर चीन और फिलीपींस के बीच तनाव पहले से मौजूद है, जहाँ दोनों देशों के जहाज़ों के बीच कई बार टकराव की स्थिति बन चुकी है।
अमेरिका इस क्षेत्र में चीन के प्रभाव को प्रतिस्पर्धा और चुनौती मानता है और ऐसे में फिलीपींस के साथ रणनीतिक भागीदारी को मजबूत करना वाशिंगटन की प्राथमिकता बन गया है।
राष्ट्रपति ट्रंप के दूसरे कार्यकाल में पहली बड़ी एशियाई मुलाकात
राष्ट्रपति ट्रंप के दूसरे कार्यकाल के बाद यह पहली बार है जब कोई दक्षिण-पूर्व एशियाई नेता व्हाइट हाउस की यात्रा पर हैं। इससे पहले सोमवार को राष्ट्रपति मार्कोस ने अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो और रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ से मुलाकात की थी। इस दौरान भी क्षेत्रीय सुरक्षा और रक्षा सहयोग पर चर्चा हुई।
व्यापार और टैरिफ विवाद भी एजेंडे में
सुरक्षा के अलावा, अमेरिका और फिलीपींस के बीच टैरिफ विवाद भी बातचीत का महत्वपूर्ण मुद्दा रहेगा। अमेरिका ने हाल ही में फिलीपींस से आने वाले सामान पर 20% आयात शुल्क लगाने की घोषणा की थी, जो 1 अगस्त से लागू होना है।
सूत्रों के अनुसार, दोनों देशों के बीच टैरिफ से जुड़े व्यापार समझौते पर बातचीत चल रही है। फिलीपींस कुछ अमेरिकी उत्पादों पर टैरिफ शून्य करने की पेशकश कर सकता है ताकि समझौते की ज़मीन तैयार की जा सके।





