काठमांडू, एजेंसी। नेपाल में भारत के साथ सीमा विवाद को लेकर जारी चर्चाओं के बीच काठमांडू के मेयर बालेंद्र शाह (बालेन शाह) ने अपने रुख को स्पष्ट किया है। उन्होंने कहा है कि सीमा विवाद जैसे संवेदनशील मुद्दों का समाधान बातचीत और कूटनीतिक माध्यमों से ही किया जाना चाहिए।
बालेंद्र शाह के बयान के बाद नेपाल की आंतरिक राजनीति में इस मुद्दे पर नई बहस शुरू हो गई है। उन्होंने जोर देकर कहा कि नेपाल अपनी संप्रभुता और क्षेत्रीय अखंडता से किसी भी प्रकार का समझौता नहीं करेगा, लेकिन साथ ही उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि भारत के साथ संबंधों को संवाद और सहयोग के आधार पर आगे बढ़ाया जाना चाहिए।
हाल के दिनों में सीमा विवाद को लेकर सोशल मीडिया और राजनीतिक मंचों पर कई तरह की प्रतिक्रियाएं सामने आई थीं, जिसके बाद शाह का यह बयान महत्वपूर्ण माना जा रहा है। उन्होंने अप्रत्यक्ष रूप से यह संदेश दिया कि उत्तेजक बयानबाजी की बजाय शांतिपूर्ण समाधान को प्राथमिकता दी जानी चाहिए।
विशेषज्ञों का मानना है कि इस तरह के बयान नेपाल-भारत संबंधों के संदर्भ में संतुलन बनाए रखने की कोशिश को दर्शाते हैं, जहां एक ओर घरेलू राजनीतिक दबाव है तो दूसरी ओर पड़ोसी देश के साथ मजबूत कूटनीतिक रिश्तों की आवश्यकता भी है।
फिलहाल नेपाल और भारत के बीच सीमा विवाद का मुद्दा लंबे समय से चर्चा में रहा है, जिसमें कई संवेदनशील क्षेत्र शामिल हैं। वहीं, नेपाल सरकार लगातार बातचीत के जरिए समाधान की बात करती रही है।
इस बयान के बाद राजनीतिक हलकों में प्रतिक्रियाओं का दौर जारी है और आने वाले दिनों में इस मुद्दे पर और स्पष्टता सामने आने की संभावना है।





