Friday, March 6, 2026

Top 5 This Week

Related Posts

तिजुआना नदी की सफाई पर अमेरिका-मेक्सिको में समझौता, गंभीर स्वास्थ्य खतरे बन चुका है प्रदूषण

अमेरिका और मेक्सिको ने सीमा पार बहने वाली तिजुआना नदी की सफाई को लेकर ऐतिहासिक समझौता किया है। इस समझौते के तहत दोनों देश वॉटर ट्रीटमेंट प्लांट्स का विस्तार, तकनीकी सहयोग, और वित्तीय संसाधनों का साझा उपयोग करेंगे। यह नदी दशकों से गंदगी और जहरीले कचरे की शिकार रही है, और अब यह क्षेत्रीय स्वास्थ्य और पर्यावरण के लिए गंभीर चुनौती बन चुकी है।

 

कैलिफोर्निया के समुद्र तट हुए प्रभावित

तिजुआना नदी का पानी सीधे दक्षिणी कैलिफोर्निया के समुद्र में गिरता है, जिससे स्थानीय तटों पर भारी प्रदूषण फैला है। पिछले चार वर्षों से कई समुद्र तटों को बंद करना पड़ा है, क्योंकि नदी से आने वाला सीवेज समुद्र में मिलकर स्वास्थ्य संकट पैदा कर रहा है।

 

अमेरिकी नेवी और आम नागरिक भी हो रहे बीमार

नदी में गिरने वाले अरबों गैलन सीवेज और औद्योगिक कचरे के चलते अमेरिकी नेवी सील्स की ट्रेनिंग भी प्रभावित हो रही है। कई जवान इस प्रदूषण के कारण बीमार पड़ चुके हैं। इसके अलावा तैराक, सर्फर, स्कूली छात्र, लाइफगार्ड, सीमा सुरक्षा बल के जवान और स्थानीय निवासी भी संक्रमण और फेफड़ों से जुड़ी बीमारियों की चपेट में हैं।

गंभीर चिंता की बात यह है कि झाग बन चुका प्रदूषण वाष्प बनकर हवा में मिल जाता है, जिससे पानी में न जाने वाले लोग भी बीमार हो रहे हैं।

 

2027 तक नदी को स्वच्छ बनाने का लक्ष्य

मेक्सिको की पर्यावरण मंत्री एलिसिया बारसेना और अमेरिका की पर्यावरण सुरक्षा एजेंसी (EPA) के प्रमुख ली जेल्डिन ने गुरुवार को इस समझौते पर हस्ताक्षर किए।

  • मेक्सिको सरकार इस परियोजना के लिए 90 मिलियन डॉलर का योगदान देगी।
  • साल 2020 से अब तक दोनों देश $650 मिलियन से अधिक खर्च कर चुके हैं।
  • लक्ष्य है कि 2027 तक तिजुआना नदी को स्वच्छ कर दिया जाए।

 

वर्षों से समाधान की कोशिश, पर नाकाम

तिजुआना नदी की सफाई के लिए पहले भी प्रयास किए गए — ट्रंप प्रशासन के दौरान भी योजना बनी थी, लेकिन स्थायी समाधान नहीं मिल सका। यह नदी 195 किलोमीटर लंबी है और मेक्सिको से निकलकर अमेरिका में बहते हुए प्रशांत महासागर में मिलती है। दोनों देशों के लिए यह नदी राजनयिक और पर्यावरणीय चिंता का कारण बनी रही है।

Popular Articles