गोपेश्वर। एनटीपीसी की 520 मेगावाट क्षमता वाली तपोवन-विष्णुगाड़ जलविद्युत परियोजना में निर्माण कार्य के दौरान बड़ी सफलता मिली है। परियोजना की हेड रेस टनल (एचआरटी) का सफल ब्रेकथ्रू पूरा हो गया है। इसे परियोजना के निर्माण की दिशा में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि माना जा रहा है।
परियोजना अधिकारियों के अनुसार, हेड रेस टनल का निर्माण पूरा होने से अब परियोजना के शेष निर्माण कार्यों में तेजी आएगी। यह सुरंग धौलीगंगा नदी के पानी को बैराज से भूमिगत विद्युतगृह तक पहुंचाने का प्रमुख माध्यम होगी, जहां बिजली उत्पादन किया जाएगा।
वर्ष 2021 की आपदा के बाद इस परियोजना को भारी नुकसान पहुंचा था, जिसके चलते निर्माण कार्य प्रभावित हुआ। इसके बाद एनटीपीसी ने परियोजना को दोबारा गति देते हुए पुनर्निर्माण और सुरक्षा उपायों पर विशेष ध्यान दिया। अब हेड रेस टनल का सफल ब्रेकथ्रू परियोजना के पुनर्जीवन की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
520 मेगावाट क्षमता की तपोवन-विष्णुगाड़ जलविद्युत परियोजना के पूरा होने के बाद उत्तराखंड समेत उत्तरी ग्रिड को स्वच्छ जलविद्युत उपलब्ध होगी। साथ ही क्षेत्र के सामाजिक और आर्थिक विकास को भी गति मिलने की उम्मीद है। परियोजना से स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर बढ़ने के साथ ऊर्जा उत्पादन क्षमता में भी उल्लेखनीय वृद्धि होगी।





