देहरादून। देवभूमि उत्तराखंड में मौसम ने एक बार फिर करवट बदली है, जिससे अप्रैल के महीने में भी कड़ाके की ठंड का अहसास होने लगा है। पहाड़ों से लेकर मैदानों तक बादलों के डेरा डालने और ऊंचाई वाले क्षेत्रों में हिमपात के कारण तापमान में भारी गिरावट दर्ज की गई है। मौसम विभाग ने अगले कुछ दिनों के लिए राज्य के कई जिलों में वर्षा, ओलावृष्टि और पहाड़ों पर बर्फबारी की चेतावनी जारी की है, जिससे जनजीवन पर असर पड़ना शुरू हो गया है।
चोटियों पर हिमपात: बदरीनाथ-केदारनाथ हुए बर्फबारी से सराबोर
राज्य के उच्च हिमालयी क्षेत्रों में पिछले तीन दिनों से रुक-रुककर हो रही बर्फबारी ने फिजा बदल दी है।
- हिमपात का दौर: बदरीनाथ, केदारनाथ, गंगोत्री और यमुनोत्री सहित राज्य की सभी प्रमुख चोटियों पर हल्के से मध्यम स्तर का हिमपात दर्ज किया गया है।
- 5 साल का रिकॉर्ड टूटा: मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, पहाड़ों में पांच साल बाद अप्रैल के महीने में इतनी अधिक बर्फबारी देखी गई है। आमतौर पर इस समय गर्मी का अहसास होने लगता है, लेकिन बर्फ की सफेद चादर ने शीत लहर जैसे हालात पैदा कर दिए हैं।
पारे में भारी गिरावट: दून में 6 डिग्री लुढ़का तापमान
राजधानी देहरादून सहित निचले मैदानी इलाकों में भी मौसम के बदले मिजाज ने लोगों को गर्म कपड़े निकालने पर मजबूर कर दिया है।
- पछुआ हवाओं का असर: मंगलवार सुबह से ही दून में घने बादल छाए रहे। दोपहर की बूंदाबांदी के बाद देर शाम चली तेज हवाओं और झमाझम बौछारों ने मौसम को सर्द बना दिया।
- तापमान का हाल: दून के अधिकतम तापमान में करीब 6 डिग्री सेल्सियस की गिरावट दर्ज की गई है। यही हाल हरिद्वार, ऊधमसिंह नगर और नैनीताल जैसे जिलों का भी रहा, जहाँ ओलावृष्टि के कारण फसलों को भी नुकसान पहुँचने की आशंका है।
अगले 24 घंटे: सतर्क रहने की सलाह
मौसम विभाग (IMD) ने अपने ताजा बुलेटिन में प्रदेशभर के लिए ‘येलो अलर्ट’ जारी किया है।
- वर्षा-बर्फबारी के आसार: मौसम विभाग के अनुसार, आज भी प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में वर्षा और बर्फबारी की प्रबल संभावना है।
- ओलावृष्टि की चेतावनी: चमोली, उत्तरकाशी, रुद्रप्रयाग और पिथौरागढ़ जैसे ऊंचाई वाले जिलों में ओलावृष्टि और तेज गर्जना के साथ बिजली गिरने की चेतावनी दी गई है।





