नई दिल्ली। नीट-यूजी परीक्षा में कथित पेपर लीक और परीक्षा प्रक्रिया में अनियमितताओं के विरोध में देश के कई राज्यों में छात्रों का आंदोलन तेज हो गया है। गुरुवार को उत्तर प्रदेश, बिहार, राजस्थान, झारखंड और पंजाब समेत कई राज्यों में छात्रों, युवाओं और विभिन्न संगठनों ने प्रदर्शन कर परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग उठाई।
राजधानी लखनऊ में प्रदर्शन को नया आयाम तब मिला जब बड़ी संख्या में अधिवक्ता भी छात्रों के समर्थन में सड़कों पर उतर आए। वकीलों ने सरकार से परीक्षा प्रणाली में सुधार, निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की। प्रदर्शन के दौरान विभिन्न संगठनों ने शांतिपूर्ण मार्च निकालकर अपना विरोध दर्ज कराया।
बिहार में आंदोलन के दौरान कई स्थानों पर स्थिति तनावपूर्ण हो गई। प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच झड़प के बाद पुलिस ने भीड़ को नियंत्रित करने के लिए लाठीचार्ज किया। कुछ स्थानों पर हवाई फायरिंग किए जाने की भी सूचना है। घटना के बाद इलाके में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात कर सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई।
राजस्थान, झारखंड और पंजाब में भी छात्र संगठनों ने विरोध मार्च, धरना और प्रदर्शन आयोजित किए। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि परीक्षा में कथित गड़बड़ियों से लाखों छात्रों का भविष्य प्रभावित हुआ है। उन्होंने राष्ट्रीय स्तर पर परीक्षा प्रणाली में व्यापक सुधार और पारदर्शिता सुनिश्चित करने की मांग दोहराई।
छात्र संगठनों ने चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगों पर शीघ्र निर्णय नहीं लिया गया तो आंदोलन को और व्यापक बनाया जाएगा। वहीं प्रशासन ने कानून-व्यवस्था बनाए रखने की अपील करते हुए कहा है कि किसी भी प्रकार की हिंसा या सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुंचाने वालों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।





