वाशिंगटन। दुनिया के सबसे अमीर उद्योगपति और टेस्ला–स्पेसएक्स के सीईओ एलन मस्क एक बार फिर अपने ‘प्रोनैटलिज़्म’ (Pronatalism) विचार को लेकर सुर्खियों में हैं। यह विचारधारा अधिक जन्मदर (birth rate) को प्रोत्साहित करने की बात करती है। मस्क लंबे समय से इस मुद्दे पर सक्रिय रहे हैं और कई मंचों पर उन्होंने कम होती जनसंख्या को वैश्विक संकट बताया है।
मस्क का मानना है कि दुनिया के कई देशों में जन्मदर लगातार गिर रही है, जो भविष्य में मानव सभ्यता के लिए गंभीर चुनौती बन सकती है। उनके अनुसार यदि जनसंख्या में गिरावट जारी रही, तो आने वाले समय में श्रमिकों की कमी और आर्थिक असंतुलन जैसी समस्याएं बढ़ सकती हैं।
इसी कारण वे बार–बार लोगों से अधिक बच्चे पैदा करने की अपील करते रहे हैं। मस्क खुद भी कई बच्चों के पिता हैं और उनका कहना है कि परिवार और जनसंख्या वृद्धि समाज की स्थिरता के लिए आवश्यक है।
विशेषज्ञों के अनुसार ‘प्रोनैटलिज़्म’ एक ऐसी सोच है जो परिवार और जन्मदर बढ़ाने को सामाजिक और आर्थिक विकास से जोड़कर देखती है। इस विचारधारा को कुछ राजनीतिक और कारोबारी वर्गों का समर्थन भी मिल रहा है, हालांकि इस पर मतभेद भी मौजूद हैं।
आलोचकों का कहना है कि केवल जनसंख्या बढ़ाने पर जोर देना समस्या का पूर्ण समाधान नहीं है, बल्कि इसके लिए शिक्षा, स्वास्थ्य और आर्थिक स्थिरता जैसे कारकों पर भी ध्यान देना जरूरी है।
हाल के वर्षों में मस्क ने कई बार सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स और सार्वजनिक मंचों पर इस मुद्दे को उठाया है, जिससे यह विषय वैश्विक चर्चा का हिस्सा बन गया है। उनके बयानों को लेकर समर्थक इसे भविष्य की चेतावनी मानते हैं, जबकि आलोचक इसे अतिशयोक्तिपूर्ण दृष्टिकोण बताते हैं।
फिलहाल, एलन मस्क का यह विचार एक बार फिर अंतरराष्ट्रीय बहस का केंद्र बना हुआ है, जिसमें जनसंख्या नीति और भविष्य की अर्थव्यवस्था को लेकर अलग–अलग राय सामने आ रही हैं।





