नई दिल्ली (21 मार्च, 2026): रमजान के पवित्र महीने के 30 रोजों और इबादतों के बाद, शुक्रवार शाम जैसे ही देश के आसमान में ईद का चांद नजर आया, पूरे भारत में खुशी और उत्साह की लहर दौड़ गई। मस्जिदों से ‘ईद-उल-फितर’ का औपचारिक ऐलान होते ही अकीदतमंदों के चेहरों पर रौनक लौट आई। लोगों ने एक-दूसरे को गले लगाकर और ‘ईद मुबारक’ कहकर बधाई दी। इस मुबारक मौके पर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने समस्त देशवासियों को ईद की शुभकामनाएं दीं और समाज में अमन, चैन और भाईचारे का संदेश प्रसारित किया।
चांद का दीदार और मस्जिदों से ऐलान: खुशियों की शुरुआत
शुक्रवार की शाम, सूर्यास्त के बाद देश के विभिन्न हिस्सों से ईद का चांद दिखने की खबरें आने लगीं:
- आसमान में आतिशबाजी: जैसे ही चांद नजर आया, लोगों ने आसमान में रंग-बिरंगे पटाखे जलाकर अपनी खुशी का इजहार किया। यह आतिशबाजी रमजान के महीने के शांतिपूर्ण समापन और ईद के त्योहार की शुरुआत का प्रतीक थी।
- मुबारकबाद का सिलसिला: चांद दिखने की पुष्टि होते ही मस्जिदों से ईद का ऐलान किया गया। इसके तुरंत बाद, लोग घरों से बाहर निकल आए और एक-दूसरे को गले लगाकर ईद की मुबारकबाद देने लगे। सोशल मीडिया पर भी ‘ईद मुबारक’ के संदेशों की बाढ़ आ गई।
राष्ट्रपति मुर्मू और पीएम मोदी की शुभकामनाएं: भाईचारे और सौहार्द का संदेश
देश के शीर्ष नेतृत्व ने इस पावन अवसर पर देशवासियों को संबोधित किया और एकजुटता का आह्वान किया:
- राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू: राष्ट्रपति मुर्मू ने अपने संदेश में कहा कि ईद-उल-फितर प्रेम, करुणा और दान का त्योहार है। उन्होंने उम्मीद जताई कि यह त्योहार समाज में भाईचारे, सौहार्द और शांति की भावनाओं को और मजबूत करेगा। उन्होंने सभी के सुखी और समृद्ध जीवन की कामना की।
- प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी: प्रधानमंत्री मोदी ने भी देशवासियों को ईद की मुबारकबाद दी। उन्होंने सोशल मीडिया पर लिखा, “ईद-उल-फितर की ढेरों शुभकामनाएं। यह त्योहार हमारे समाज में एकता और सद्भाव की भावना को और गहरा करे। सभी के उत्तम स्वास्थ्य और कल्याण के लिए प्रार्थना करता हूं।”
रमजान का समापन और ईद की तैयारियां: उत्साह का माहौल
रमजान के 30 दिनों तक रोजा रखने और कठिन इबादत करने के बाद, ईद का त्योहार मुसलमानों के लिए एक बड़ा इनाम है:
- इबादत और आत्म-संयम: रमजान का महीना आत्म-संयम, अनुशासन और आध्यात्मिक शुद्धि का समय था। रोजेदारों ने दिन भर भूखे-प्यासे रहकर अपनी आस्था और ईश्वर के प्रति समर्पण का परिचय दिया।
- ईद की धूम: ईद के चांद के दीदार के साथ ही, घरों में सेवइयां और अन्य पकवान बनाने की तैयारियां तेज हो गई हैं। लोग नए कपड़े पहनकर शनिवार सुबह मस्जिदों और ईदगाहों में ईद की नमाज अदा करेंगे। इसके बाद, वे अपने रिश्तेदारों और दोस्तों से मिलेंगे और उपहारों का आदान-प्रदान करेंगे।





