भारतीय वायुसेना के फाइटर पायलट कैप्टन शुभांशु शुक्ला ने एक कार्यक्रम के दौरान छात्रों को प्रेरित करते हुए कहा, “चांद पर जाना है तो अभी से लक्ष्य तय करें और उसी दिशा में मेहनत शुरू कर दें।” उनके इस संदेश ने उपस्थित छात्रों में उत्साह और जिज्ञासा दोनों बढ़ा दी। कैप्टन शुक्ला ने छात्रों से संवाद करते हुए कहा कि विज्ञान, शोध और प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में भारत के लिए अपार संभावनाएं हैं, और युवाओं को इन अवसरों का पूरा लाभ उठाना चाहिए।
कार्यक्रम में कैप्टन शुक्ला ने छात्रों को अपने अनुभव भी साझा किए और बताया कि अनुशासन, निरंतर सीखने की इच्छा और दृढ़ निश्चय किसी भी लक्ष्य को हासिल करने की सबसे बड़ी कुंजी है। उन्होंने अंतरिक्ष अनुसंधान और रक्षा तकनीक में भारत की उपलब्धियों का जिक्र करते हुए कहा कि आने वाला समय युवाओं के लिए नए अवसरों से भरा है।
अपने कर्नाटक दौरे के दौरान कैप्टन शुभांशु शुक्ला ने मुख्यमंत्री सिद्धारमैया से सौजन्य भेंट भी की। मुलाकात के दौरान दोनों के बीच राज्य में एयरोस्पेस और विज्ञान-तकनीक से जुड़े अवसरों पर चर्चा हुई। मुख्यमंत्री ने कहा कि युवाओं को ऐसे प्रेरणादायक व्यक्तित्वों से सीखने और उनके अनुभवों को समझने का अवसर मिलना चाहिए, जिससे विज्ञान और तकनीक के क्षेत्र में नई प्रतिभाओं को बढ़ावा मिल सके।
कैप्टन शुक्ला की यह यात्रा और उनका मार्गदर्शन छात्रों और युवाओं को बड़े सपने देखने और उन्हें साकार करने की दिशा में प्रेरित करता है।





