ऑस्ट्रेलिया के प्रधानमंत्री एंथनी अल्बानीज ने सोमवार को कहा कि उनकी सरकार जल्द ही फलस्तीन को एक स्वतंत्र राष्ट्र के रूप में मान्यता देने का निर्णय लेगी। यह फैसला फ्रांस, ब्रिटेन और कनाडा जैसे पश्चिमी देशों के साथ मिलकर लिया जाएगा। यह घोषणा गाजा में जारी मानवीय संकट और वहां हो रही मौतों के बीच आई है, जहां विश्वभर में विरोध प्रदर्शन हो रहे हैं।
अल्बानीज ने बताया कि कैबिनेट की आगामी बैठक में इस विषय पर अंतिम फैसला होगा और सितंबर में संयुक्त राष्ट्र महासभा में औपचारिक रूप से इस फैसले की घोषणा की जाएगी। उन्होंने कहा कि फलस्तीन में हमास की भूमिका समाप्त होने और गाजा का वि-सैन्यीकरण करने की शर्तों के पूरा होने के बाद ही यह मान्यता दी जाएगी।
प्रधानमंत्री अल्बानीज ने इस्राइली सरकार की आलोचना करते हुए कहा कि वे अंतरराष्ट्रीय नियमों का उल्लंघन कर रहे हैं और गाजा में लोगों को आवश्यक भोजन और पानी तक पहुंचाने से रोक रहे हैं।
फिलहाल, विश्व के 193 देशों में से लगभग 150 देश पहले ही फलस्तीन को मान्यता दे चुके हैं। द्वि-राष्ट्र सिद्धांत के तहत फलस्तीन को वेस्ट बैंक, गाजा पट्टी और पूर्वी यरूशलम के कुछ हिस्सों के साथ एक स्वतंत्र राज्य माना जाएगा।





