नई दिल्ली। भाजपा सांसद रामलाल पात्रा ने कांग्रेस पार्टी पर कड़ा हमला बोला है। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस सरकार के दौरान पाकिस्तान के खिलाफ ठोस कार्रवाई नहीं की गई, बल्कि विदेशों के दबाव में अहम फैसलों को टाला गया। पात्रा ने कहा कि यह न सिर्फ देश की सुरक्षा के लिए खतरा है, बल्कि भारत के अंतरराष्ट्रीय रवैये पर भी सवाल खड़े करता है।
पात्रा ने मीडिया से बातचीत में कहा, “जब देश पर आतंकवाद और सीमा पर संकट का संकट आता है, तब कांग्रेस सरकार विदेशी दबाव में रहती थी और पाकिस्तान के खिलाफ निर्णायक कदम उठाने में नाकाम रही। इससे भारत की सुरक्षा और कूटनीतिक ताकत कमजोर हुई।”
भाजपा नेता ने आगे कहा कि वर्तमान सरकार ने पाकिस्तान और अन्य पड़ोसी देशों के प्रति सख्त नीति अपनाई है। उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की विदेश नीति स्पष्ट और निर्णायक रही है, जिससे देश की अंतरराष्ट्रीय छवि मजबूत हुई है।
विशेषज्ञों का कहना है कि पात्रा का बयान सियासी संदर्भ में महत्वपूर्ण है, क्योंकि यह विपक्षी दलों की विदेश नीति पर सवाल उठाने और उनके शासनकाल में हुए निर्णयों की आलोचना का एक तरीका है। यह बयान आगामी चुनाव और सार्वजनिक मनोबल पर असर डालने के उद्देश्य से भी किया गया माना जा रहा है।
कांग्रेस की प्रतिक्रिया में पार्टी ने भाजपा पर पलटवार किया और कहा कि देश की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए आवश्यक कदम हर सरकार ने उठाए। विपक्ष ने पात्रा के आरोपों को राजनीतिक उद्देश्य से प्रेरित करार दिया।
राजनीतिक विश्लेषक मानते हैं कि यह बयान कांग्रेस और भाजपा के बीच अंतरराष्ट्रीय नीतियों और सुरक्षा मुद्दों पर जारी टकराव को और तेज कर सकता है।





