Wednesday, January 7, 2026

Top 5 This Week

Related Posts

बांग्लादेश में फिर खून-खराबा: 24 घंटे में दूसरे हिंदू की हत्या, नरसिंगदी में किराना दुकानदार को उतारा मौत के घाट

ढाका/नई दिल्ली: बांग्लादेश में अल्पसंख्यक हिंदू समुदाय पर हमलों का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है। पिछले 24 घंटों के भीतर देश में दो अलग-अलग घटनाओं में दो हिंदू पुरुषों की नृशंस हत्या कर दी गई है। ताजा मामला सोमवार रात नरसिंगदी जिले से सामने आया है, जहाँ एक किराना दुकानदार की धारदार हथियारों से काटकर हत्या कर दी गई। इन घटनाओं ने तख्तापलट के बाद से सुलग रहे बांग्लादेश में अल्पसंख्यकों की सुरक्षा पर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

ताजा घटना: नरसिंगदी में किराना दुकानदार की हत्या

सोमवार रात करीब 10 बजे, नरसिंगदी जिले में 40 वर्षीय शरत मणि चक्रवर्ती (Moni Chakraborty) पर अज्ञात हमलावरों ने उस समय हमला किया जब वे अपनी दुकान पर थे। हमलावरों ने उन पर धारदार हथियारों से कई वार किए, जिससे वे गंभीर रूप से घायल हो गए। उन्हें अस्पताल ले जाया गया, लेकिन घाव गहरे होने के कारण उन्होंने दम तोड़ दिया। पुलिस फिलहाल मामले की जांच कर रही है, लेकिन अब तक किसी भी आरोपी की गिरफ्तारी नहीं हुई है।

जेसोर में पत्रकार और व्यवसायी को मारी गोली

नरसिंगदी की घटना से चंद घंटे पहले ही जेसोर जिले के कोपालिया बाजार में 45 वर्षीय राणा प्रताप बैरागी की दिनदहाड़े हत्या कर दी गई थी।

  • हमले का तरीका: मोटरसाइकिल पर आए तीन नकाबपोश हमलावरों ने राणा प्रताप को उनके आइस फैक्ट्री से बाहर बुलाया और एक संकरी गली में ले जाकर सिर में तीन गोलियां मार दीं।
  • दोहरी पहचान: राणा प्रताप न केवल एक व्यवसायी थे, बल्कि वे स्थानीय समाचार पत्र ‘दैनिक बीडी खबर’ के कार्यकारी संपादक भी थे। हमलावरों ने गोली मारने के बाद उनका गला भी रेत दिया था।

अल्पसंख्यकों के खिलाफ हिंसा की बढ़ती लहर

दिसंबर के आखिरी सप्ताह से अब तक बांग्लादेश में हिंदुओं के खिलाफ हिंसा में भारी बढ़ोतरी देखी गई है:

  • खोकन चंद्र दास की मौत: 31 दिसंबर को शरियतपुर में एक हिंदू व्यवसायी खोकन दास को भीड़ ने आग लगा दी थी, जिनकी 3 जनवरी को मौत हो गई।
  • बजेंद्र विश्वास की हत्या: 29 दिसंबर को मैमनसिंह में एक हिंदू फैक्ट्री कर्मचारी की उसके ही सहयोगी ने गोली मारकर हत्या कर दी थी।
  • महिलाओं के खिलाफ अपराध: हाल ही में झिनाइदह जिले में एक हिंदू विधवा के साथ सामूहिक दुष्कर्म और उसे पेड़ से बांधकर प्रताड़ित करने का शर्मनाक मामला भी सामने आया है।

भारत सरकार की चिंता और वैश्विक प्रतिक्रिया

भारत के विदेश मंत्रालय ने बांग्लादेश में अल्पसंख्यकों, विशेषकर हिंदुओं, ईसाइयों और बौद्धों के खिलाफ जारी “अविरल शत्रुता” पर गहरी चिंता व्यक्त की है। भारत ने यूनुस सरकार से मांग की है कि वह अल्पसंख्यकों की सुरक्षा सुनिश्चित करे और दोषियों को कड़ी सजा दे। मानवाधिकार संगठनों का कहना है कि कट्टरपंथी संगठनों के बढ़ते प्रभाव और प्रशासन की शिथिलता के कारण हिंदू समुदाय में दहशत का माहौल है।

Popular Articles