तेहरान/वॉशिंगटन: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा दी गई हालिया चेतावनियों के बाद ईरान और अमेरिका के बीच तनाव चरम पर पहुँच गया है। वेनेजुएला संकट और ईरान के आंतरिक घटनाक्रमों पर ट्रंप के सख्त रुख के बीच, ईरान सरकार ने एक बड़ा आधिकारिक बयान जारी किया है। ईरान ने स्पष्ट कर दिया है कि वह बाहरी दबाव में नहीं झुकेगा और देश की सुरक्षा के साथ खिलवाड़ करने वाले दंगाइयों के खिलाफ बेहद सख्त कार्रवाई की जाएगी।
दंगाइयों के खिलाफ ‘जीरो टॉलरेंस’ नीति
ईरान के गृह मंत्रालय और सुरक्षा बलों ने एक संयुक्त बयान में कहा है कि देश के कुछ हिस्सों में हो रहे हिंसक प्रदर्शनों के पीछे विदेशी ताकतों का हाथ है। सरकार ने चेतावनी दी है कि:
- सख्त कार्रवाई: सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुँचाने और अराजकता फैलाने वाले तत्वों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा।
- सुरक्षा बलों को खुली छूट: कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए सुरक्षा बलों को आवश्यक कदम उठाने के निर्देश दिए गए हैं।
- बाहरी हस्तक्षेप का विरोध: ईरान ने ट्रंप की चेतावनियों को अपने आंतरिक मामलों में हस्तक्षेप करार दिया है।





