Thursday, March 5, 2026

Top 5 This Week

Related Posts

गवाह सुरक्षा अधिनियम रद्द करने को कैबिनेट की मंजूरी

देहरादून। आपराधिक मुकदमों में गवाहों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए प्रदेश में लागू उत्तराखंड साक्षी संरक्षण अधिनियम-2020 को रद्द करने का प्रस्ताव राज्य मंत्रिमंडल ने मंजूर कर लिया है। अब सरकार विधानसभा के मानसून सत्र में उत्तराखंड साक्षी संरक्षण अधिनियम (निरसन) विधेयक पेश करेगी।

गृह विभाग के प्रस्ताव पर विचार के बाद यह निर्णय लिया गया। अधिनियम रद्द होने के बाद प्रदेश में गवाह सुरक्षा से जुड़े प्रावधान भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता-2023 (BNSS) के तहत लागू होंगे। पिछले वर्ष 1 जुलाई से पूरे देश में सीआरपीसी के स्थान पर बीएनएसएस लागू हो चुका है।

बीएनएसएस की धारा 398 में गवाहों की सुरक्षा को परिभाषित किया गया है और साक्षी संरक्षण योजना लागू करने का प्रावधान है। ऐसे में पुराने अधिनियम को समाप्त करना आवश्यक हो गया था।

Popular Articles