वॉशिंगटन। अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सोमवार को एक बार फिर ओसामा बिन लादेन की हत्या को लेकर अपने विचार व्यक्त किए। उन्होंने कहा कि अमेरिकी नौसेना के विशेष बल सील्स ने पाकिस्तान में अल-कायदा के प्रमुख बिन लादेन को मार गिराया, और यह घटना इतिहास में हमेशा याद रखी जाएगी।
ट्रंप ने ट्वीट करते हुए लिखा, “अमेरिकी सील्स ने पाकिस्तान में ओसामा बिन लादेन को ढेर किया। यह अमेरिका की सुरक्षा के लिए एक ऐतिहासिक कदम था। इतिहास इसे कभी नहीं भूलेगा।” उन्होंने इस अभियान को अमेरिकी सैन्य बलों की वीरता और कौशल का प्रतीक बताया।
विशेषज्ञों का कहना है कि यह टिप्पणी अमेरिका और पाकिस्तान के बीच संबंधों में पुरानी घटनाओं को फिर से चर्चा में ला सकती है। 2011 में हुए रैज़ ऑफ़ बिन लादेन ऑपरेशन में अमेरिकी नौसेना के 24 वीं सील टीम ने पाकिस्तान के एबटाबाद में बिन लादेन के ठिकाने पर छापा मारकर उसे ढेर किया था। इस अभियान ने अमेरिकी जनता और वैश्विक स्तर पर अल-कायदा की क्षमताओं पर बड़ा झटका दिया था।
ट्रंप ने अपने बयान में यह भी कहा कि इस तरह के साहसिक सैन्य अभियानों से अमेरिका की वैश्विक सुरक्षा नीति मजबूत होती है और आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई में इसका महत्व अनिवार्य है। उन्होंने अमेरिकी सैन्य बलों की प्रशंसा करते हुए कहा कि उनकी रणनीति और कौशल ने दुनिया को एक बड़े आतंकवादी खतरे से मुक्त किया।
विश्लेषकों का कहना है कि ट्रंप की यह टिप्पणी आगामी चुनावों और अमेरिकी जनता के बीच उनके छवि निर्माण के दृष्टिकोण से भी महत्व रखती है। इसके साथ ही, यह अमेरिका की अंतरराष्ट्रीय आतंकवाद नीति और सैन्य ताकत को भी उजागर करती है।
हालांकि पाकिस्तान की ओर से इस टिप्पणी पर अभी कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है। लेकिन विशेषज्ञों के अनुसार, ऐसे बयान अंतरराष्ट्रीय कूटनीति में संवेदनशीलता बढ़ा सकते हैं।
गौरतलब है कि बिन लादेन की हत्या अमेरिकी इतिहास में आतंकवाद के खिलाफ सबसे महत्वपूर्ण और विवादास्पद सैन्य अभियानों में गिनी जाती है। ट्रंप ने इसे याद करते हुए अमेरिकी वीरता और रणनीति को फिर से सामने रखा।





