तेहरान/नई दिल्ली। पश्चिम एशिया में बढ़ते सैन्य तनाव के बीच होर्मुज जलडमरूमध्य के आसपास व्यावसायिक जहाजों पर हमलों की घटनाएं तेज हो गई हैं। अलग-अलग घटनाओं में दो मालवाहक जहाज समुद्र में डूब गए। इन घटनाओं में चालक दल के एक सदस्य की मौत हुई है, जबकि अन्य सदस्यों को सुरक्षित निकाल लिया गया। हमलों के बाद अंतरराष्ट्रीय समुद्री व्यापार और जहाजों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है।
समुद्री सुरक्षा अधिकारियों के अनुसार, सिंगापुर के झंडे वाला कंटेनर जहाज GFS Pride होर्मुज जलडमरूमध्य से गुजर रहा था, तभी उस पर अज्ञात प्रक्षेपास्त्र से हमला हुआ। हमले के बाद जहाज क्षतिग्रस्त हो गया और उसमें आग लग गई। बाद में वह समुद्र में डूब गया।
सिंगापुर की समुद्री एवं बंदरगाह प्राधिकरण के अनुसार, जहाज पर सवार सभी 21 चालक दल के सदस्यों को सुरक्षित निकाल लिया गया। इस घटना में किसी के घायल होने की सूचना नहीं है।
दूसरी घटना में एंटीगुआ और बारबुडा के झंडे वाला ड्राई बल्क कैरियर Cape Dao भी होर्मुज के निकट डूब गया। इस जहाज पर 23 सितंबर को प्रक्षेपास्त्र से हमला हुआ था। बाद में जहाज डूब गया और इस घटना में चालक दल के एक सदस्य की मौत हो गई। अन्य सदस्यों को हमले के बाद सुरक्षित निकाल लिया गया था।
दोनों घटनाएं अलग-अलग समय पर हुईं। अधिकारियों ने अभी तक हमलों के लिए जिम्मेदार पक्ष की आधिकारिक पुष्टि नहीं की है।
होर्मुज जलडमरूमध्य दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण समुद्री मार्गों में से एक है। यहां से बड़ी मात्रा में कच्चे तेल और प्राकृतिक गैस का परिवहन होता है। इस मार्ग पर जहाजों की आवाजाही प्रभावित होने से ऊर्जा आपूर्ति, माल ढुलाई और अंतरराष्ट्रीय बाजार पर असर पड़ सकता है।
समुद्री सुरक्षा विशेषज्ञों के अनुसार, अब खतरा केवल तेल टैंकरों तक सीमित नहीं है। कंटेनर जहाज और अन्य मालवाहक पोत भी निशाने पर आ रहे हैं।
व्यावसायिक जहाजों पर हमलों को लेकर सिंगापुर के समुद्री प्राधिकरण ने चिंता जताई है और इन्हें अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन बताया है। क्षेत्र में सुरक्षा की स्थिति पर अंतरराष्ट्रीय एजेंसियों की नजर बनी हुई है।





