नैनीताल (19 मार्च, 2026): पिछले कई दिनों से जारी भारी बारिश और खराब मौसम के बाद आज जैसे ही नैनीताल में सुनहरी धूप खिली, ‘सरोवर नगरी’ की फिजां पूरी तरह बदल गई। बादलों के छंटते ही शहर में पर्यटकों और स्थानीय श्रद्धालुओं का हुजूम उमड़ पड़ा। विशेष रूप से विश्व प्रसिद्ध मां नयना देवी मंदिर में सुबह से ही भक्तों का तांता लग गया, जिससे मंदिर परिसर से लेकर मल्लीताल बाजार तक आस्था की लंबी कतारें देखने को मिलीं। धूप खिलने से न केवल ठंड से राहत मिली है, बल्कि पर्यटन कारोबार में भी जबरदस्त उछाल आया है।
नयना देवी मंदिर में उमड़ा जनसैलाब: घंटों करना पड़ा इंतजार
आसमान साफ होते ही नैनीताल के मंदिरों में आध्यात्मिक वातावरण जीवंत हो उठा:
- भक्तों की लंबी कतारें: सुबह की आरती के साथ ही श्रद्धालु मंदिर पहुंचने लगे थे। दोपहर होते-होते भीड़ इतनी बढ़ गई कि मां नयना देवी के दर्शन के लिए भक्तों को घंटों इंतजार करना पड़ा।
- श्रद्धा और विश्वास: स्थानीय निवासियों के साथ-साथ दिल्ली-एनसीआर और पड़ोसी राज्यों से आए सैलानियों ने माता के दरबार में मत्था टेककर आशीर्वाद लिया। मंदिर परिसर जयकारों से गूंजता रहा।
पर्यटन स्थलों पर बहार: नैनी झील में नौकायन का आनंद
सुहावने मौसम ने सैलानियों के उत्साह को दोगुना कर दिया है:
- झील में चहल-पहल: नैनी झील में नौकायन (Boating) के लिए पर्यटकों की भारी भीड़ देखी गई। रंग-बिरंगी नावें झील की सुंदरता में चार चांद लगा रही थीं।
- मालरोड और पंत पार्क: शहर के प्रमुख बाजारों, मालरोड और पंत पार्क में सैलानियों की आमद बढ़ने से खासी रौनक रही। पिछले दिनों की मंदी के बाद आज व्यापारियों के चेहरे खिले नजर आए।
- हनुमानगढ़ी और पाषाण देवी: मुख्य मंदिर के अलावा श्रद्धालुओं ने हनुमानगढ़ी और पाषाण देवी मंदिर में भी पूजा-अर्चना की।
यातायात व्यवस्था चरमराई: पुलिस को करनी पड़ी मशक्कत
भीड़ के अचानक बढ़ने से शहर की बुनियादी व्यवस्थाओं पर दबाव साफ नजर आया:
- वाहनों का दबाव: तल्लीताल और मल्लीताल को जोड़ने वाली सड़कों पर दोपहर बाद वाहनों का भारी दबाव रहा, जिससे कई जगहों पर जाम की स्थिति बन गई।
- प्रशासनिक मुस्तैदी: यातायात को सुचारू बनाए रखने के लिए पुलिस प्रशासन को अतिरिक्त बल तैनात करना पड़ा। पार्किंग फुल होने के कारण पर्यटकों को अपने वाहन दूर पार्क करने पड़े।
कैंची धाम और घोड़ाखाल में भी भक्तों का तांता
नैनीताल के आसपास के क्षेत्रों में भी धार्मिक पर्यटन चरम पर रहा:
- कैंची धाम: बाबा नीम करोली के दर्शन के लिए कैंची धाम में श्रद्धालुओं की अपार भीड़ जुटी। सुहावने मौसम में पहाड़ी रास्तों का आनंद लेते हुए लोग आश्रम पहुंचे।
- गोलू देवता मंदिर: घोड़ाखाल स्थित न्याय के देवता गोलू देवता के मंदिर में भी आज सैकड़ों लोगों ने घंटी चढ़ाकर अपनी मन्नतें मांगी।





