करीबी सहयोगी, विदेश नीति का सीमित अनुभव; दक्षिण व मध्य एशियाई मामलों के विशेष दूत भी होंगे
वॉशिंगटन/नई दिल्ली। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अपने लंबे समय से राजनीतिक सहयोगी सर्जियो गोर को भारत में नया अमेरिकी राजदूत नियुक्त किया है। गोर इस समय व्हाइट हाउस के राष्ट्रपति कार्मिक कार्यालय के निदेशक हैं। ट्रंप ने सोशल मीडिया पर घोषणा करते हुए उन्हें “करीबी मित्र और भरोसेमंद सहयोगी” बताया।
38 वर्षीय गोर को ट्रंप ने दक्षिण और मध्य एशियाई मामलों के विशेष दूत की अतिरिक्त जिम्मेदारी भी सौंपी है। ट्रंप ने कहा कि गोर और उनकी टीम ने संघीय विभागों व एजेंसियों में करीब 4,000 अधिकारियों की नियुक्ति “रिकॉर्ड समय” में पूरी की है और 95% से अधिक पद भर दिए गए हैं।
हालाँकि गोर का विदेश नीति में अनुभव सीमित माना जाता है। अब तक वे केवल कुछ अंतरराष्ट्रीय दौरों में शामिल हुए हैं और राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद के उन कर्मचारियों की छंटनी का नेतृत्व किया था जिनके विचारों पर संदेह जताया गया था।
गोर को लेकर विवाद भी रहे हैं। टेस्ला और स्पेसएक्स के सीईओ एलन मस्क ने एक बार उन्हें “सांप” तक कहा था। दरअसल, ट्रंप प्रशासन के दौरान गोर ने मस्क की नासा प्रमुख के तौर पर संभावित नियुक्ति का विरोध किया था।
भारत-अमेरिका संबंधों के नाजुक दौर में गोर की नियुक्ति को रणनीतिक दृष्टि से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।





